उझानी में कल्याण सिंह चौक के पास सड़क किनारे से रेता-बजरी हटवाते अफसर। संवाद
उझानी। अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान मंगलवार को कल्याण सिंह चौक के पालिका टीम ने बजरी के ढेर हटवाए तो दुकानदार ने तख्त पर रखे सामान में आग लगा दी। इस दौरान जमकर दोनों पक्षों में हंगामा हुआ।
बता दें कि भवन निर्माण सामग्री विक्रेता ने सड़क किनारे बजरी डाल रखी है। तहसील प्रशासन ने जब अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की तो दुकानदार विरोध में आ गए। इस दौरान दुकानदार ने पहले तो खुद ही टिनशेड गिरा दी और फिर तख्त पर रखे सामान में आग लगा दी। जैसे-तैसे आग बुझाई गई। इसके बाद टीम ने फिर से अभियान चलाकर क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त किया। मामला मंगलवार दोपहर करीब दो बजे का है।
बसोमा निवासी व्यास साहू की निर्माण सामग्री की दुकान कल्याण सिंह चौक के पास है। आरोप है कि साहू ने रेता-बजरी के ढेर पड़ोस में निर्माणाधीन काॅलोनी की दीवार से सटाकर लगा रखे थे। इसकी शिकायत अफसरों से की गई थी। खासकर कांवड़ यात्रा के मद्देनजर सड़क किनारे से बजरी के ढेर हटा लेने के लिए नोटिस भी दिया गया था, लेकिन उन्होंने अतिक्रमण नहीं हटाया। इसके बाद एसडीएम सदर सुखलाल प्रसाद वर्मा पुलिस, पालिका और राजस्व कर्मी के साथ मंगलवार दोपहर को मौके पर पहुंचे। उन्होंने बुलडोजर की मदद से बजरी के ढेर हटवाने शुरू कर दिए।
पालिका के सफाई निरीक्षक हरीश त्यागी के मुताबिक कार्रवाई के दौरान दुकानदार साहू नाराजगी जताने लगे। दुकानदार ने कार्रवाई के विरोध में खुद ही अपना टिनशेड गिरा लिया। इसके बाद दुकान के बाहर तख्त पर रखे गद्दे समेत अन्य सामान में आग लगा दी। दुकानदार ने ही पुलिस के 112 नंबर पर कॉल भी कर दी, लेकिन अफसरों ने हकीकत स्पष्ट की तो पुलिस कर्मी लौट गए। दुकानदार भी मौके से खिसक गया। अफरातफरी के बीच जेसीबी से बजरी के ढेर भी हटवा दिए गए। दुकानदार साहू के गुस्से के मद्देनजर मौके पर दमकल भी बुला ली गई, लेकिन दमकल के आने से पहले ही बालू के जरिये आग बुझा ली गई। वहीं, सड़क किनारे से बजरी के ढेर हटाए जाते समय जेसीबी की चपेट में बाइक सवार दंपती आ गया। बाइक पर पीछे बैठी महिला सड़क पर गिर गई।
उझानी में कल्याण सिंह चौक के पास सड़क किनारे से रेता-बजरी हटवाते अफसर। संवाद