फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Budaun News: मुड़ा पुल के सर्वे के लिए शासन से 29.50 लाख की धनराशि की मंजूरी

विज्ञापन
रामगंगा पर बना मुड़ा पुल। फाइल फोटो
विज्ञापन
बदायूं। मुड़ा पुख्ता और फरीदपुर के बीच बने पुल की हाइड्रोलिक मॉडल स्टडी कराने के लिए 29.50 लाख की धनराशि मंजूर हो गई है। इसको लेकर लोक निर्माण के विभाग के अधिकारियों और आईआईटी के प्रोफेसरों में बात हुई है। बताया जा रहा है कि रुड़की की टीम जनवरी में आएगी, हालांकि अभी तिथि तय नहीं हो सकी है।
विज्ञापन

दातागंज तहसील के गांव मुड़ा पुख्ता और फरीदपुर के बीच रामगंगा नदी पर बने पुल का संपर्क मार्ग बह गया था। इसको बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग और सेतु निगम के अधिकारियों के बीच में वार्ता हुई, लेकिन कोई निष्कर्ष नहीं निकला। इसके बाद में हाइड्रोलिक मॉडल स्टडी आईआईटी रुड़की की टीम से संपर्क किया।
उन्होंने सर्वे करने के लिए 29.30 लाख रुपये का एस्टीमेट गत वर्ष बनाकर दिया। इसके बाद में अब इस धनराशि को शासन की ओर से जारी कर दिया गया है। इसके बाद लोक निर्माण के अधिकारियों ने आईआईटी की प्रोफेसरों से इस संबंध में वार्ता करते हुए धनराशि मिलने की बात की। आईआईटी की टीम ने जनवरी 2025 में आने की बात कही। उन्होंने अपना शेड्यूल बनाकर कुछ समय बाद में अधिकारियों को बताने की बात कही है।
विज्ञापन


अभी नाव से पार करते हैं रामगंगा
सितंबर 2023 में पुल का संपर्क मार्ग बह जाने के बाद दातागंज से मुड़ा पुख्ता होते हुए फरीदपुर जाने वाले पुल का संपर्क मार्ग बह जाने के बाद रोड बंद हो गया है। ऐसे में लोगों को बाइक समेत अन्य चीजें ले जाने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ता है।

42 करोड़ से बना था पुल
दातागंज तहसील के गांव गांव मुड़ा पुख्ता और फरीदपुर के बीच रामगंगा नदी पर पुल बना हुआ है, जो करीब पांच साल पहले 42 करोड़ की लागत से बनाया गया था। रामगंगा पर बने 700 मीटर के इस पुल की वजह से दातागंज और फरीदपुर की दूरी कम हो गई थी, लेकिन वर्ष 2023 में जब रामगंगा में बाढ़ आई तो वह फरीदपुर की तरफ बढ़ गई। इससे 12 सितंबर 2023 को फरीदपुर की साइड का संपर्क मार्ग करीब 180 मीटर बाढ़ के साथ बह गया था।

मुडा पुख्ता पुल के हाइड्रोलिक मॉडल स्टडी के लिए शासन से धनराशि स्वीकृत हो गई है। इसके बारे में आईआईटी रुड़की के प्रोफेसरों से वार्ता हुई है। उन्होंने जनवरी में आने की बात कही है। - नरेश पाल सिंह, एक्सईएन, लोक निर्माण विभाग
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें