कादरचौक ब्लाक क्षेत्र के गांव निजामाबाद की राशन कोटे की दुकान पूर्व में सिसइया नगला में अटैच्ड कर दी गई थी। हाल ही में राशन कार्डों के नवीनीकरण के बाद सभी राशन कार्डों को ऑनलाइन कर दिया गया है। ऑनलाइन राशन कार्डों का ग्रामीणों ने निरीक्षण कर पाया कि गांव के बीपीएल और अंत्योदय कार्ड धारक कई लोगों के नाम गायब कर दिए हैं। गांव में कोई मुस्लिम न होते हुए भी 15 से अधिक मुस्लिमों के नाम भी उसमें शामिल है। ग्रामीणों का कहना है कि नवीनीकरण की फीडिंग में कोटेदारों की बड़ी घपलेबाजी है। चूकिं कोटा दूसरे गांव से अटैच्ड हुआ था। इसलिए कोटेदार एक-दूसरे पर गलती को टाल रहे हैं। निजामाबाद के लोग अपने नाम का राशन कार्ड न होने को लेकर बेहद परेशान हैं।
अपने नाम गायब होने पर पुराने राशन कार्ड लेकर शिकायत करने वाले ग्रामीणों में शेर सिंह, राम सिंह, दुर्विजय, हरद्वारी, सुरेश चंद्र, सरदार, भगवान दास, वंशीधर, दरयाब सिंह, राम निवास, यादराम, भूरे लाल, प्रेम सिंह, बाबू राम, प्रेमवती, चंद्रकली, रामबहादुर, रामरतन, सुशील कुमार, ओम प्रकाश, विद्याराम और मनोज शामिल हैं।