तहसील क्षेत्र के गांव बक्सर खालसा में रविवार को लगी भीषण आग से तबाह हुए ग्रामीणों को तहसीलदार नानक सिंह ने पहुंचकर सांत्वना देते हुए राहत राशि के चेक वितरित कराए। सब कुछ गवां चुके ग्रामीण तपती धूप में खुले आसमान के नीचे पडे़ हैं। पीडितों को प्रधान पति ने खाने-पीने की व्यवस्था की वहीं राशन डीलर ने भी उन्हें चावल दिए।
मालूम रहे कि रविवार की दोपहर तीन बजे के करीब गांव बक्सर खालसा में ओमपाल के घेर से अचानक लगी आग में 40 मकान जलकर राख हो गए और इन घरों में रखा अनाज,घरेलू सामान,नगदी और सोने चांदी के आभूषण भी आग की भेंट चढ़ गए थे। अब पीडित इस तपती धूप में खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं। सबसे बडी समस्या भूखे मासूम बच्चों के खाने-पीने की बनी हुई है। तहसीलदार नानक सिंह ने हल्का लेखपाल महेंद्र सिंह के साथ गांव पहुंचकर 17 परिवारों को 32-32 सौ के चेक प्रदान किए। इसके अलावा तहसीलदार और हल्का लेखपाल ने गांव जौनेरा पहुंचकर पीडितों के चार परिवारों को 25-25 सौ के चेक प्रदान किए। इसके अलावा प्रधान पति प्रताप सिंह ने भोजन की व्यवस्था की।
बैनाम करने आए बुजुर्ग की मौत
सहसवान (बदायूं)। कचहरी परिसर में रजिस्ट्री कार्यालय पर बैनामा करने आए गांव रसूलपुर टप्पा मलसई निवासी जगवीर 60 की अचानक हालत खराब होने पर मौत हो गई। बताते हैं कि बैनामा लिखकर तैयार हो गया था, तभी तबीयत बिगड गई और कुछ समय बाद ह्रदय गति रुकने से मृत्यु हो गई। बाद में वह शव को गांव ले गए।