सोमवार को सरसों के खेत में किशोरी का क्षत-विक्षत शव मिलने के बाद परिवार के साथ-साथ गांव के तमाम लोग मौके पर पहुंच गए। परिवार के लोग पुलिस को गुमराह करते रहे। लेकिन, पुलिस घटनास्थल की जांच पड़ताल करने के बाद से ही परिवार के लोगों पर हत्या करने का शक जता रही थी। परिजन किशोरी के भाग जाने की बात कहकर भ्रमित कर रहे थे।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में हत्या गला रेतकर होने की पुष्टि होने के बाद पुलिस का शक उसके अपनों पर गहरा गया। पुलिस ने किशोरी के पिता समेत तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी इकरार ने हत्या की बात कबूल कर ली। उसने हंसिया से बेटी का गला काटा था। फिर रात में उसका शव सरसों के खेत में फेंक गया। दस दिन तक शव खेत में पड़ा रहा। जंगली जानवरों ने मांस नोच खाया था।