शुक्रवार की रात से शनिवार शाम तक रुक-रुककर हुई हल्की बारिश और बूंदाबांदी के कारण शहर की सड़कों पर बजबजाहट होने से फिसनल बढ़ गई। लोगों को परेशानी उठानी पड़ीं। गौर करने वाली बात है कि बारिश के बाद भी तामपान में गिरावट नहीं आई। इससे लोगों को चिंता भी सताने लगी है। इधर, बिजली गिरने से दातागंज क्षेत्र के किसान लोचन जाटव की मौत हो गई।
कई दिनों से मौसम में आए बदलाव के कारण लोगों को लग रहा था कि बादल किसी भी दिन बरस सकते हैं, सो शुक्रवार की देर रात से बूंदाबांदी भी शुरू हो गई। शनिवार सुबह हल्की बारिश के बाद शाम तक रुक-रुककर बूंदाबांदी चलती रही। खास बात तो यह रही कि सर्दी के इस मौैसम में तापमान काफी बढ़ गया है। ठंडक होने के बजाय गर्मी ज्यादा हो गई है। लोग कहने लगे हैं कि इस मौसम में तापमान का यह हाल है, तो आने वाले मई-जून में क्या होगा। शनिवार को अधिकतम तापमान 36 और न्यूनतम 18 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। माघ के महीने में इतना तापमान लोगों को विचलित कर रहा है।
बूंदाबांदी के कारण शहर के रोडवेज और प्राइवेट बस स्टैंड के आसपास सड़कों पर जलभराव हो गया। लोगों को आवागमन में दिक्कतें उठानी पड़ीं। इसके अलावा भी शहर की कई सड़कों पर गंदगी फैल जाने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इधर, बिजली गिरने से तहसील दातागंज क्षेत्र के गांव बझेड़ा निवासी लोचन जाटव (50) की मौके पर ही मौत हो गई। आलोक निवासी मंशानगला ने बताया कि लोचन उनका बटाईदार था। वह शनिवार को सुबह पड़ोस के गांव कैली में तिलकराम के खेत में काम कर रहा था। तभी बिजली गिर गई। उन्होंने प्रशासन से मृतक के परिवारीजनों को सहायता दिलाने की मांग की है।