म्याऊं पीएचसी पर एएफपी वर्कशॉप में चिकित्सा अधिकारी। संवाद
म्याऊं। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मंगलवार को विश्व स्वास्थ्य संगठन डब्ल्यूएचओ की ओर से एक्यूट फ्लैसिड पैरालिसिस (एएफपी) पर वर्कशॉप का आयोजन किया गया। इसके माध्यम से बच्चों में पोलियो जैसे लक्षणों की पहचान, रिपोर्टिंग और इलाज के प्रति स्वास्थ्य कर्मियों को जागरूक किया गया।
कार्यशाला में एसएमओ पलवीन कौर ने बताया कि हमारा देश लगभग पोलियो मुक्त हो चुका है। फिर भ्की 15 वर्ष तक के बच्चों में एक्यूट फ्लैसिड पैरालिसिस के मामले देखने को मिलते हैं, जिसमें बच्चे के शरीर का कोई अंग अचानक निष्क्रिय हो जाता है। उन्होंने ऐसे मामलों की समय पर पहचान, रिपोर्टिंग और उपचार प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी।
पलवीन कौर ने कहा कि स्वास्थ्यकर्मियों को हर संदिग्ध केस को गंभीरता से लेना चाहिए ताकि किसी भी पोलियो जैसी बीमारी की समय पर रोकथाम हो सके। कार्यशाला में प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजकुमार गंगवार, डॉ. आरपी सिंह नवीन पीएचसी अलापुर, डॉ. उपदेश गूरा बरेला, डॉ. पवन हजरतपुर, डॉ. भुवनेश ककराला, मॉनीटर सुनील, डॉ. खदीजा खातून सहित कई स्वास्थ्यकर्मी व अधिकारी मौजूद रहे।