बदायूं। स्वास्थ्य विभाग में संबद्धता खत्म कर डॉक्टरों और कर्मचारियों को मूल तैनाती स्थल पर भेजे जाने संबंधी आदेश अभी नहीं आया है, लेकिन स्थानीय स्तर पर गहमा-गहमी तेज हो गई है। जिले में काफी संख्या में डॉक्टर और कर्मचारियों ने खुद को मनमाने स्थानों पर संबद्ध करा रखा है। अब इनको मूल तैनाती पर काम करना होगा।
स्वास्थ्य विभाग में जुगाड़ डॉक्टर और कर्मचारी अपनी मूल तैनाती के स्थान को छोड़कर मनचाही जगह पर खुद को संबद्ध कराकर नौकरी करते हैं। बदायूं में बड़ी संख्या में डॉक्टर और कर्मचारी संबद्ध हैं। इसके चलते कई सीएचसी और पीएचसी पर स्टाफ की भरमार है, जबकि कई पर स्टाफ का टोटा रहता है।
बिनावर, उझानी, बिसौली, वजीरगंज, सैदपुर ऐसे सीएचसी हैं जो हाईवे से जुड़े हैं। यहां स्टाफ की कोई कमी नहीं है। जबकि देहात इलाकों में स्टाफ और डॉक्टरों का टोटा है। कुछ डॉक्टरों ने तो अपने आप को जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल और सीएमओ के अधीन तक संबंद्ध करा रखा है। इनको अब अपनी मूल तैनाती पर काम करना होगा।
जिले में संबद्ध डॉक्टरों और कर्मचारियों का डाटा जुटाने का काम शुरू हो गया है। दरअसल, हाल ही में सीएमओ डॉ. यशपाल सिंह का तबादला हो गया था। उनके स्थान पर सहारनपुर से डॉ. विक्रम सिंह को भेजा गया है। डॉ. विक्रम सिंह ने अभी कार्यभार नहीं संभाला है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि नए सीएमओ के कार्यभार संभालने के बाद संबद्ध स्टाफ को मूल तैनाती पर भेजा जाएगा।
डॉक्टरों और कर्मचारियों की संबद्धता खत्म किए जाने संबंधी बात मीडिया माध्यमों से मालूम हुई है। अभी इसी बारे में शासनादेश नहीं मिला है। शासनादेश के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- डॉ. अनिल शर्मा, एसीएमओ