बदायूं। कादरचौक ब्लॉक में अनियमितता के आरोपी अधिकारी की ओर से खुद को क्लीनचिट देने के मामले का अधिकारियों ने संज्ञान लिया है।
अब इस मामले की जांच के लिए जिला स्तरीय कमेटी का गठन किया जाएगा और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। मामला ग्राम पंचायत चौड़ेरा के मजरा किशुपुरा का है।
ग्रामीण हरीओम चंद्र ने 11 अगस्त को डीएम अवनीश राय को शिकायती पत्र देकर मनरेगा के दो कार्यों में वित्तीय अनियमितता का आरोप लगाया था।
शिकायत के अनुसार, विकास कार्यों में 9,64,654.34 रुपये खर्च दिखाया गया है। डीएम ने जांच के निर्देश डीपीआरओ को दिए।
डीपीआरओ ने जांच बीडीओ कादरचौक को सौंपी गई। लेकिन बीडीओ ने खुद जांच न कर उसी पंचायत के सचिव को दे दी।
सचिव ने खानापूर्ति कर रिपोर्ट में सब ठीक दिखाकर खुद को क्लीन चिट दे दी। इस पर डीडीओ मनोज कुमार सिंह ने बताया कि पूरे प्रकरण की जांच अब जिला स्तरीय कमेटी करेगी और रिपोर्ट के आधार पर दोषियों पर कार्रवाई होगी। जवाब-तलब भी किया जाएगा। जिससे जिम्मेदारी तय हो सके। संवाद