बदमाशों ने अपने नाम अजय कुमार सिंह निवासी राजेंद्र नगर थाना प्रेम नगर बरेली, निमेश सिंह निवासी प्रेमनगर बरेली, अजीमुद्दीन निवासी ढकनी रजपुरी थाना फरीदपुर बरेली, अंकित यादव निवासी गांव होतीपुर थाना सहसवान, अनूप सिंह निवासी गांव बरातेगदार थाना सिविल लाइंस बताए। सीओ बिसौली पवन कुमार ने बताया कि फिरौती वसूलने के लिए ही ढाबा मालिक का अपहरण किया गया था। घटना में शामिल बदमाशों को जेल भेजा गया है।
फोन से मांगी थी तीन लाख की फिरौती
अपहरणकर्ताओं ने ढाबा मालिक के बेटे प्रदीप को फोन करके तीन लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। उन्होंने कहा था कि रकम का इंतजाम कर लो, इसके बाद जो स्थान बताएं वहां पर नकदी छोड़ जाना। रकम मिलते ही तुम्हारे पिता को भी छोड़ दिया जाएगा। फिरौती की डिमांड करने के बाद अपहरणकर्ताओं ने अपने फोन बंद कर लिए थे। उन्हीं नंबरों के सहारे एसओजी ने बदमाशों को दबोच लिया।
रकम वसूलने के बाद हत्या की थी योजना
ढाबा मालिक के अपहरण की योजना उनके ही गांव के अनूप सिंह ने बनाई थी। उसने बरेली के रहने वाले अपने साथियों को बताया कि ढाबा मालिक पर बहुत पैसा है। फिरौती वसूलने के बाद हत्या कर दी जाएगी, जिससे राज भी नहीं खुलेगा। पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद बदमाशों ने यह बात कबूली है।
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पकड़े गए बदमाशों में अजय कुमार सिंह कथित मीडियाकर्मी है। वह माइक और आईडी लेकर चलता था। बरेली में वह आईडी के दम पर ही कई लोगों को धमका चुका है। अंकित यादव प्राइवेट बैंक में कर्मचारी है। ढाबा मालिक ने पुलिस को बताया कि अगर पुलिस मौके पर नहीं पहुंचती तो वह उसकी हत्या कर देते। एसओजी और पुलिस टीम ने सही वक्त पर पहुंचकर उसे बचा लिया।