विद्यालयों, बिजली आपूर्ति और खाद उपलब्धता पर भी फोकस
उपमुख्यमंत्री ने विद्यालयों में यूनिफॉर्म व जूते-मोजे वितरण की समीक्षा करते हुए कहा कि स्वयं सहायता समूह की दीदीयों को सिलाई का अधिक कार्य देकर उन्हें सक्षम और आत्मनिर्भर बनाया जाए। बिजली आपूर्ति और ट्रांसफार्मर बदलने की स्थिति पर भी चर्चा हुई। उपमुख्यमंत्री ने डीएम से विद्युत विभाग की अलग से समीक्षा बैठक कराने के निर्देश दिए। खाद उपलब्धता पर उन्होंने कहा कि प्रदेश में पर्याप्त स्टॉक है और किसानों को कतई परेशान न होने दिया जाए।
गोआश्रय स्थलों पर सीसीटीवी अनिवार्य
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. समदर्शी सरोज से पहले गो आश्रय स्थल की स्थिति जानी। फिर कहा कि सड़क पर एक भी निराश्रित गोवंश दिखाई नहीं देना चाहिए। निर्माणाधीन आश्रयों को जल्द बनाकर सक्रिय किया जाए। गो आश्रय स्थलों पर सीसीटीवी भी आवश्यक रूप से लगाए जाए। उन्होंने गो श्रय स्थलों का निरीक्षण कराने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।
उन्होंने कहा कि अगले चरण में प्रदेश की तीन करोड़ महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने और एक करोड़ महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाने का लक्ष्य है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के लिए एक संयुक्त व्हाट्स एप ग्रुप बनाकर ग्राम चौपालों और जनसुविधाओं से संबंधित सूचनाओं का आदान-प्रदान अनिवार्य करने को कहा।