उझानी में बिजली के तार की चपेट में आने से मृत सज्जन खां के परिजनों से बात कराते एसएसआई। संवाद
उझानी। तीन दिन पहले खंभे से टूटकर गिरे बिजली के तार में करंट उतरने से किसान की जान चली गई। परिजनों समेत ग्रामीणों ने बिजली विभाग के अफसरों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने उन्हें समझाया। पुलिस ने किसान के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमाॅर्टम कराया है।
हादसा शनिवार सुबह करीब आठ बजे हुआ। कोतवाली क्षेत्र के गांव मानकपुर निवासी सज्जन खां (44) का गांव के नजदीक ही नलकूप है। वह नलकूप पर जाने के लिए खेत पर गए। खेत की मेड़ के पास ही तीन दिन से टूटे पड़े बिजली की तार में पैर फंसते ही उन्हें करंट लग गया।
सज्जन मौके पर ही गिर पड़े। किसी राहगीर की उन पर नजर पड़ी तो आवाज लगाकर ग्रामीणों को बुला लिया। ग्रामीणों ने लाठी से तार हटाकर सज्जन को उठाया। परिवार के लोग और ग्रामीण बेहोशी की हालत में उन्हें लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर पहुंचे। चिकित्साधीक्षक ने देखते ही सज्जन को मृत घोषित कर दिया।
भाई बच्चन ने बताया कि बिजली का खंभा तीन दिन पहले पड़ोस के ही एक व्यक्ति के ट्रैक्टर की चपेट में आ गया था। उसी दिन से खंभे से तार टूटा पड़ा था। उन्होंने बिजली विभाग के कर्मचारियों समेत अफसरों की भूमिका पर भी सवाल उठाया।
एसएसआई मनोज कुमार ने बताया कि परिजनों की ओर से अभी तक तहरीर नहीं दी गई है। तहरीर मिलते ही रिपोर्ट दर्ज कर ली जाएगी।
उझानी में बिजली के तार की चपेट में आने से मृत सज्जन खां के परिजनों से बात कराते एसएसआई। संवाद