बदायूं। सिविल लाइन थाना क्षेत्र में बुधवार की रात करीब नौ बजे वाहन चेकिंग के दौरान हुई मुठभेड़ में पचास हजार रुपये का इनामी डकैत जीतेंद्र उर्फ ढालू मारा गया। मुठभेड़ में उपनिरीक्षक नीरज कुमार और सिपाही अविनाश चौधरी भी घायल हो गए। घायल पुलिस कर्मियों और डकैत को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां पुलिस ने पूरे अस्पताल परिसर को छावनी में तब्दील कर दिया।
सिविल लाइन थाना पुलिस बुधवार की रात बिल्सी मोड़, नई जेल के लिए प्रस्तावित भूमि के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान पुलिस ने संदिग्ध बदमाश को रोकने का प्रयास किया, इस पर बदमाश ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली लगने से बदमाश गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके सीने में गोली लगी थी।
मुठभेड़ में दरोगा और सिपाही भी गोली लगने से घायल हो गए। तत्काल पुलिस तीनों को जिला अस्पताल लेकर पहुंची। जहां चिकित्सकों ने बदमाश को मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान जीतेंद्र उर्फ ढालू (38 वर्ष) के रूप में हुई। वह वर्तमान में संभल जिले में रह रहा था। मूलरूप से धौलाना, जिला हापुड़ का रहने वाला था।
अधिकारियों ने बताया कि मुठभेड़ में मारा गया बदमाश 18-19 मई की रात इस्लामनगर थाना क्षेत्र में निजाकत के घर हुई डकैती के प्रकरण में मुख्य साजिशकर्ता (मास्टरमाइंड) था। इस डकैती कांड में सात आरोपी पहले से ही जेल में हैं। सिर्फ जीतेंद्र उर्फ ढालू ही फरार चल रहा था। उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
मुठभेड़ में घायल हुए उपनिरीक्षक नीरज कुमार और सिपाही अविनाश चौधरी का जिला अस्पताल में उपचार चल रहा है। बदमाश के पास से 32 बोर की पिस्टल और 315 बोर का तमंचा व कई कारतूस बरामद हुए हैं। एसएसपी अंकिता शर्मा, एसपी सिटी अभिषेक कुमार सिंह ने अस्पताल पहुंचकर घटना की जानकारी ली।
पुलिस टीम चेकिंग अभियान चला रही थी। तभी बाइक से जा रहे संदिग्ध बदमाश को रुकने का इशारा किया लेकिन वह भागने लगा। पकड़ने के प्रयास में उसने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। बचाव में एक गोली बदमाश को लगी। दरोगा व सिपाही भी घायल हुए। सभी जिला अस्पताल लाया गया, जहां बदमाश को मृत घोषित किया गया, बदमाश इस्लामनगर की डकैती कांड में वांछित था। 50 हजार के इनामी बदमाश पर एक दर्जन से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। - अंकिता शर्मा, एसएसपी बदायूं