-शराब की दुकान को हटाने की मांग कर रहे थे ग्रामीण
-महिलाओं, पुरुषों और बच्चों ने बोला दुकान पर धावा
बिनावर थाने के मलगांव में सोमवार को गांव की महिलाओं ने धावा बोलकर देसी शराब की दुकान में आग लगा दी। लोगों ने यहां शराब दुकान के सेल्समैन से भी हाथापाई की। पुलिस के गांव पहुंचने पर शराब की दुकान पर हमला करने वाले यहां से भाग गए।
बरेली-मथुरा हाईवे पर स्थित बिनावर के मलगांव में हाईवे किनारे शराब की दुकान थी। एक अप्रैल से हाईवे किनारे की दुकानों को सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हटा दिया गया है। यहां की दुकान को मलगांव में खेतों में अमर सिंह के खेत में खोखा रखकर शिफ्ट कर दिया गया था। गांव की महिलाएं यहां दुकान का विरोध कर रहीं थीं। पुलिस ने गांव के लोगों को भरोसा दिया था। इसके बाद भी यहां से शराब की दुकान को नहीं हटाया गया। सोमवार को दर्जनों महिलाओं, बच्चों और पुरुषों ने दुकान पर धावा बोल दिया। दुकान के अंदर ज्यादा माल नहीं था। हमलावरों ने दुकान के सेल्समैन से मारपीट की। इसके बाद सेल्समैन को यहां से भगा दिया और शराब की दुकान को आग के हवाले कर दिया। खबर मिलने पर बिनावर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। तब तक दुकान में आग लगाने वाली यहां से जा चुके थे। सोमवार देर शाम तक इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर नहीं दी गई थी। बता दें कि जिले भर में हाईवे किनारे से शराब की करीब 110 दुकानों को सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर एक अप्रैल को हटा दिया गया था। इन दुकानों को दूसरे स्थानों पर शिफ्ट किया जा रहा है। जिले भर में नई दुकानों का पिछले एक महीने से विरोध हो रहा है।
कई दुकानों में हो चुकी तोड़फोड़ और लूटपाट
बदायूं। एक अप्रैल से जिले में महिलाएं शराब बंदी और शराब की आबादी के खोली गईं नई दुकानों को हटाने की मांग कर रही हैं। इस दौरान जिले में कई जगह शराब की दुकानों पर तोड़फोड़ भी हो चुकी है। पिछले दिनों महिलाओं ने लोटनपुरा की दुकान में तोड़फोड़ की थी। इससे पहले टिकटगंज स्थित शराब की दुकान पर हमला हो चुका है। यहां महिलाओं की आड़ में लोगों ने लूटपाट भी की थी। नेकपुर और कबूलपुरा में भी घनी आबादी के बीच शराब की दुकानों का एक महीने से विरोध हो रहा है।