-जोरी नगला तिराहे से तमंचे के साथ पकड़ा, पांच हजार का इनामी भी था घोषित
-बरेली क्राइम ब्रांच कर रही है मामले की जांच, पीसी शर्मा की तलाश में दबिश
एडीजीसी साधना शर्मा हत्याकांड का एक आरोपी और गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में नामजद अभियुक्त मोहब्बत उर्फ साजिद को कादरचौक पुलिस ने शनिवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। वह पिछले करीब डेढ़ साल से फरार चल रहा था। दो दिन पहले गुरुवार को पुलिस ने आरोपी मोहब्बत और पीसी शर्मा के घर के बाहर कुर्की वारंट का नोटिस चस्पा किया था।
शनिवार को पुलिस ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान एसपी सिटी कमल किशोर ने बताया कि आरोपी मोहब्बत उर्फ साजिद पर एडीजीसी साधना शर्मा हत्याकांड में दर्ज मामले में गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई थी। दो दिन पहले उसके खिलाफ कोर्ट कुर्की की कार्रवाई कर चुका था। वहीं एडीजीसी की बहन विपर्णा गौर भी न्याय के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रहीं हैं। एसपी सिटी ने बताया कि मंगलवार सुबह मुखबिर की सूचना पर कादरचौक एसओ अश्वनी कुमार, सिपाही वीरेश, उपेंद्र, अनिल और क़ुलदीप ने दबिश देकर आरोपी मुहब्बत उर्फ साजिद निवासी परौली थाना बिल्सी को जोरी नगला तिराहे से गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपी के पास से तमंचा और जिंदा कारतूस मिला है। उसके खिलाफ हाथरस के जीआरपी थाने में दो नाली लाइसेंसी बंदूक चोरी का मामला दर्ज है। उझानी निवासी एडीजीसी साधना मिश्रा की हत्या 23 मई को बदायूं रोड पर कर दी गई थी। मृतका की बहन विपर्णा गौड़ ने इस हत्या में पीसी शर्मा, मोहब्बत उर्फ साजिद समेत आठ लोगों को नामजद कराया था। पीसी शर्मा की पत्नी कमलेश शर्मा, श्रवण कुमार गुप्ता और उसकी पत्नी श्रद्धा गुप्ता का नाम विवेचना में शामिल होने पर कोर्ट उनके खिलाफ भी गिरफ्तारी का वारंट जारी कर चुकी है। इसके बाद पुलिस ने हत्याकांड में सभी आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर की कार्रवाई की। गैंगस्टर में फरार पीसी शर्मा और मोहब्बत अली के खिलाफ कोर्ट ने कुर्की की कार्रवाई की तो आनन-फानन में पुलिस ने फरार चल रहे एक आरोपी मोहब्बत को पकड़ लिया। एसओ कादरचौक अश्वनी कुमार का कहना है फरार पीसी शर्मा को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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विपर्णा बोली- फरार हत्यारोपी कब होंगे गिरफ्तार
एडीजीसी साधना शर्मा की बहन विपर्णा गौर शनिवार को एसपी सिटी कार्यालय पहुंची, बोलीं-हत्यारों को सजा दिलाकर ही चेन की सांस लूंगी, फरार हत्यारोपी पीसी शर्मा उसकी पत्नी कमलेश शर्मा, श्रवण कुमार गुप्ता उसकी पत्नी श्रद्धा गुप्ता का नाम भी इस केस में शामिल हैै। वह इस समय पुलिस गिरफ्त से बाहर है। इनके खिलाफ भी गैंगस्टर की कार्रवाई हो चुकी है। फिर भी पुलिस और क्राइम ब्रांच की लापरवाही के चलते गिरफ्त से बाहर है। एडीजीसी की हत्या के बाद से उनकी बहन विपर्णा गौर खुद ही पूूरे प्रकरण की पैरवी कर रही है। आरोपी के पकड़े जाने के बाद क्राइम ब्रांच बरेली को भी यहां बुला लिया गया।