न्यायालय सप्तम अपर सेशन जज भूदेव गौतम ने जानलेवा हमले के मामले में दंपति सहित तीन को दस-दस साल की कैद सहित 15-15 हजार रुपये जुर्माना की कड़ी सजा सुनाई है। हमले में घायल को जुर्माना की रकम मुआवजा बतौर दिए जाने के आदेश दिए हैं।
घटना थाना वजीरगंज क्षेत्र के टिकुरी गांव की है। 30 मई 2012 को गांव के राजेंद्र के यहां दावत चल रही थी। राजेंद्र के भाई मौकम तालाब में झूठी पत्तलें फेंककर लौट रहा था। रास्ते में आरोपी सुशीला, उसका पति ओमकार और दुर्गपाल खड़े थे। तभी सुशीला ने उकसाते हुए कहा इसी ने हम लोगों को समाज से छेक दिया है इसे सबक सिखाना होगा। तीनों आरोपियों ने मौकम को घेर लिया।
इसी बीच दुर्गपाल ने तमंचा निकाला जो छीना-झपटी में चल गया। फायर मौकम के सिर में लगा जिससे वह घायल हो गया। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद अपर जज श्री गौतम ने जानलेवा हमले के आरोप में सुशीला, ओमकार सहित दुर्गपाल को दोषी पाया। जज ने तीनों को 10-10 साल की कैद और प्रत्येक पर 15-15 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अदालत ने जुर्माने की रकम को घायल मौकम को बतौर क्षतिपूर्ति भुगतान करने के आदेश दिए हैं।