मूसाझाग के गांव में छेड़छाड़, फायरिंग का मामला
पीड़ित लड़की के पिता ने अफसरों से की पुलिस की मनमानी की शिकायत
थाना क्षेत्र के एक गांव में घर में घुसकर छेड़छाड़ और मारपीट के मामले में पुलिस ने नामजद आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस की हल्की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस ने एक आरोपी का शांतिभंग में चालान किया तो उसे बाद में जमानत मिल गई। गांव में दो दिन पहले इसी छेड़छाड़ की घटना को लेकर फायरिंग भी हुई थी। प्रधान और पूर्व प्रधान गुट में तनातनी से माहौल गरम है।
मूसाझाग थाने के एक गांव में अरशद, आरिफ, मुजाहिद, पप्पू और मोनू एक व्यक्ति के घर में घुस गए थे। आरोप है कि गृहस्वामी की नाबालिग बेटी से छेड़छाड़ की। विरोध करने पर फायरिंग की गई। लड़की के पिता ने इस मामले में पांचों लोगों को नामजद करते हुए रिपोर्ट कराई थी। हल्का दरोगा विजयपाल सिंह ने आरिफ को मौके से दबोच भी दिया था। बाद में उसको थाने लाया गया। घर में घुसकर हमला और छेड़छाड़ की धाराओं में रिपोर्ट होने के बावजूद आरिफ का शांतिभंग में चालान कर दिया। पुलिस ने पैरवी नहीं की तो आरोपी को जमानत भी मिल गई और वह फिर गांव पहुंच गया। लड़की के पिता ने शिकायत की है कि घर में घुसकर छेड़छाड़ और मारपीट करने वाले पांचों लोग गांव में खुले घूम रहे हैं। उनसे जानमाल का खतरा बताया है। उसका यह भी कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं की गई तो वह गांव से पलायन को मजबूर होगा। हालांकि एसओ एपी सिंह का कहना है कि अभी मामले में जांच की जा रही है। जिन धाराओं में सात साल तक की सजा का प्रावधान है उन धाराओं में आरोपी को थाने से जमानत दी जा सकती है।