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उन्नाव के निकले एएनएम के हत्यारे, महिला समेत तीन गिरफ्तार

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बदायूं। सोमवार दोपहर एसएसपी अशोक कुमार त्रिपाठी ने पुलिस लाइन सभागार में एएनएम मसर्रत बेगम हत्याकांड का खुलासा कर दिया। उन्होंने बताया कि इसमें उन्नाव जिले की एक महिला समेत तीन लोग पकड़े गए हैं। उनसे लूटपाट का सामान, जेवर और एएनएम का मोबाइल भी बरामद हुआ है। हत्यारे महिला को मरीज बनाकर घर में घुसे थे। इसके बाद उन्होंने एएनएम की हत्या कर दी और लूटपाट करके फरार हो गए।
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एसएसपी ने बताया कि दो मई को खेड़ा नवादा सागर ताल कॉलोनी निवासी एएनएम मसर्रत बेगम की गला घोंटकर हत्या कर दी गई थी। इसके साथ ही उनका मोबाइल, जेवर और कुछ सामान लूट लिया गया था। इसकी जांच के लिए सिविल लाइंस पुलिस और स्वॉट टीम को लगाया गया था। मुखबिर और सर्विलांस के जरिए पता चला कि एएनएम की हत्या तीन लोगों ने की थी, जिसके आधार पर उन्नाव जिले के गंगाघाट थाना क्षेत्र के गंगानगर निवासी जावेद पुत्र गुलाब, गंगाघाट क्षेत्र के शुक्लागंज निवासी मोहम्मद चांद पुत्र मोहम्मद बाबू और इसी थाने के अहमद नगर निवासी निशा पुत्री अब्दुल खैर पकड़े गए। पूछताछ के दौरान जावेद ने बताया कि बदायूं सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला हकीमबाड़ा निवासी वकारउद्दीन के यहां उसकी ससुराल है। वह बदायूं आता जाता था। कुछ समय पहले वह अपनी सलहज के साथ एएनएम के घर गया था। उसी समय उसने लूटपाट की योजना बना ली थी। वापस उन्नाव पहुंचा और उसने इसके लिए मो.चांद को तैयार कर लिया। फिर तलाकशुदा निशा को चांद की पत्नी बनाकर बदायूं आ गया। उसके फोन करने पर एएनएम घर पहुंच गईं। लूटपाट से पहले उन्होंने चाय पी, फिर जैसे ही एएनएम घर के अंदर गईं कि तभी तीनों ने उन पर हमला बोल दिया। उनके ही दुपट्टे से एएनएम की हत्या कर दी। पुलिस ने तीनों के पास से एक अंगूठी, कंगन, चेन, मोबाइल, चांदी के सिक्के और कैमरा बरामद किया है। तीनों हत्यारोपियों को पुलिस ने जेल भेज दिया है। आरोपियों को पकड़ने में सर्विलांस टीम प्रभारी इंस्पेक्टर रामगोपाल शर्मा, स्वॉट टीम प्रभारी इंस्पेक्टर महेंद्र यादव, प्रदीप यादव, एसआई विकास पुनिया आदि का विशेष सहयोग रहा।

एक घंटे कब्रिस्तान में किया था इंतजार
- मुख्य हत्यारोपी जावेद घटना वाले दिन निशा और चांद के साथ करीब एक बजे एएनएम के घर के पीछे पहुंच गया था। वहीं से उसने एएनएम को फोन किया था। उन्होंने कहा था कि अस्पताल बंद होने वाला है, उसके बाद ही वह घर पहुंचेंगी। उनके वापस लौटने तक तीनों हत्यारोपी घर के पीछे कब्रिस्तान में बैठ गए थे। तब तक बैठे रहे, जब तक एएनएम घर नहीं पहुंच गईं।
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बेटा बोला, हत्यारोपियों को मिले कड़ी सजा
- एएनएम के बेटे उस्मान ने बताया कि पुलिस ने हत्यारोपियों से बरामद सामान दिखाया था। यह सब उनकी मां का ही है। जैसे हत्यारोपियों ने घटना कबूली है, उससे यही लग रहा है कि इन्हीं लोगों ने उसकी मां की हत्या की होगी। अब यह छूटने नहीं पाएं। इनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। किसी भी हालत में इनकी जमानत भी न हो।
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