कादरचौक थाने में तमंचा पकड़े खड़ा साधू यादव। संवाद
- फोटो : BADAUN
कादरचौक (बदायूं)। अलापुर और कादरचौक थाना क्षेत्र में लगातार लूटपाट की घटनाओं को अंजाम दे रहा साधू यादव पुलिस के हत्थे चढ़ गया। उसने कई घटनाओं का खुलासा किया है। साथ ही कादरचौक पुलिस से कहा कि अच्छा हुआ जो पुलिस ने उसे पकड़ लिया, नहीं तो एसओजी उसका एनकाउंटर करने के लिए उसे ढूंढ रही थी।
कादरचौक पुलिस के हत्थे चढ़ा साधू यादव पुत्र राधेश्याम यादव अलापुर थाना क्षेत्र के गांव अट्ठर्रा कुनिया का रहने वाला है। साधू यादव बेहद शातिर है। पुलिस के मुताबिक उसके खिलाफ चोरी, लूटपाट और हत्या के प्रयास समेत करीब 28 मामले दर्ज हैं। विधानसभा चुनाव के बाद छह मार्च को इसने कादरचौक थाना क्षेत्र में देवी नगला के नजदीक दूधिया राजू और उसके भाई कुलदीप के साथ लूटपाट की थी। इस संबंध में कादरचौक थाने में एफआईआर दर्ज है। 22 मार्च को अलापुर थाना क्षेत्र में जगत गांव के नजदीक पांच लोगों को बंधक बनाकर लूटा गया था। पुलिस को सूत्रों से पता चला कि इन दोनों घटनाओं को साधू यादव ने ही अंजाम दिया था। तब से अलापुर थाना पुलिस और एसओजी टीम उसे तलाश कर रही थी।
शुक्रवार रात कादरचौक थाने के एसआई विक्रम सिंह और उनकी टीम ने साधू यादव को गिरफ्तार कर लिया। उसने कहा कि जो घटनाएं उसने कीं उसके बाद एसओजी खोज रही है। उसे अपना एनकाउंटर होने का डर भी सता रहा था। कादरचौक पुलिस के हत्थे चढ़ने पर उसने कुछ राहत की सांस ली है। खैर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर कोर्ट में प्रस्तुत किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
-
साधू के खौफ से मुकर गया था दूधिया
अट्ठर्रा कुनिया निवासी साधू यादव को आसपास के तमाम लोग अच्छी तरह जानते हैं। लोग उससे डरते भी हैं। दूधिया भी उसको जानता था। जब दूधिया ने साधू यादव का नाम सुना कि उसने लूटपाट की थी तो उसने पहचानने से इनकार कर दिया। जब पुलिस ने दोनों को आमने-सामने बैठाया और बात की। तब साधू ने खुद कहा कि उसने किस तरह लूटपाट की। साधू के स्वीकारने के बाद दूधिया ने कहा कि लूटपाट करने वाला यही था।
-
कादरचौक पुलिस के हत्थे चढ़ा साधू यादव बहुत ही शातिर है। उसके खिलाफ 28 मामले दर्ज हैं। उसने कई लूटपाट की घटनाओं को कबूल किया। उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- प्रवीन सिंह चौहान, एसपी सिटी