बदायूं। सिविल लाइंस क्षेत्र की शेखूपुर चौकी पुलिस ने गुरुवार शाम एक शर्मनाक हरकत कर दी। पुलिस ने तीन नाबालिग लड़कों की न सिर्फ पिटाई की बल्कि उनके सिर भी मुड़वा दिए। उन लड़कों का कसूर बस इतना था कि उन्होंने मारपीट के एक मामले में पुलिस से शिकायत की थी। इस पर पुलिस ने उन्हें ही चौकी में बैठा लिया। उसके बाद उन्हें दोषी ठहराते हुए फैसला सुना दिया। एक नाई बुलवाकर उनके सिर के अधिकतर बाल मुंडवा दिए।
मामला गुरुवार शाम का है। बताते हैं कि शेखूपुर निवासी उमाशंकर का सोलह वर्षीय बेटा सचिन साहू, मुनीष पाल (14) पुत्र चंद्र प्रकाश और प्रिंस (15) पुत्र राजेश तीनों क्रिकेट खेलने जा रहे थे। उसी समय शहर निवासी एक युवक बाइक से निकल रहा था। सचिन हेडफोन पर गाने सुनते जा रहा था कि तभी उसका हेडफोन बाइक में अटककर टूट गया। इससे दोनों में गाली गलौज शुरू हो गई। फिर दोनों में मारपीट हुई। इसमें सचिन के कुछ चोट भी आई। तीनों लड़के बाइक सवार की शिकायत करने शेखूपुर पुलिस चौकी पहुंचे। यहां पुलिस ने उन्हें चौकी में बैठा लिया। उसके बाद दरोगा अर्जुन सिंह और तीन सिपाहियों ने उस बाइक सवार को भी बुला लिया। उसी दौरान एक छुटभैया नेता पुलिस चौकी पहुंचा। उसने बाइक सवार को छुड़वा दिया। फिर पुलिस ने तीनों लड़कों की पिटाई लगाई। एक नाई बुलवाकर उनके सिर मुड़वा दिए। जब इस बारे में उनके परिवार वालों को पता चला तो उन्होंने उच्चाधिकारियों और शेखूपुर विधायक धर्मेंद्र शाक्य से शिकायत की। इस पर सीओ सिटी विनय कुमार द्विवेदी देर रात पुलिस चौकी पहुंचे। लड़कों ने बताया कि पुलिस ने बाइक सवार को तीन हजार रुपये लेकर छोड़ दिया था। सीओ ने नाई को भी बुलवा लिया है। देर रात तक मामला निपटाने का प्रयास चलता रहा।
मामला संज्ञान आया है। इसकी जांच के लिए सीओ सिटी को भेजा गया है। मामला मारपीट का बताया जा रहा है। ये सुनने को मिला है कि उन्होंने खुद बाल कटवाए थे। इसकी जांच रिपोर्ट आए, तब कुछ कार्रवाई की जाएगी।
- प्रवीन सिंह चौहान, एसपी सिटी