टीईटी मेरिट के तहत चल रही भर्ती प्रक्रिया में काउंसिलिंग कराने घर से निकला एक युवक वापस नहीं पहुंचा। इतना ही उसका नंबर भी काउंसिलिंग में नहीं आया। मंगलवार को उसे खोजते हुए उसके पहचान वाले बेसिक दफ्तर पहुंचे। चयन प्रक्रिया की काउंसिलिंग में नाम न आने की बात बोलकर विभागीय कर्मियों ने जानकारी होने से मना कर दिया। बताते हैं कि युवक का मोबाइल भी स्वीच ऑफ है।
मंगलवार को एक व्यक्ति बेसिक कार्यालय पहुंचा। उसने बुलंदशहर निवासी एक युवक की 72,825 भर्ती में चौथी चयन प्रक्रिया में काउंसिलिंग कराने की बात कही। विभाग ने पूरा रिकार्ड देखा तो उसका नाम चयन सूची में न होकर ओवरऑल सूची में था। बेसिक कर्मियों द्वारा पूछने पर उस व्यक्ति ने बताया कि रोडवेज में कार्य करता है। युवक उसका परिजन है। बताया कि बुलंदशहर से वह काउंसिलिंग कराने के लिए बोलकर बदायूं आया था। तब से घर वाले यह सोच रहे हैं कि उसने ज्वाइन कर लिया और नौकरी कर रहा है। जिस कारण वह नहीं आया है। काफी दिन बीतने और मोबाइल फोन स्वीच ऑफ होने के कारण उसकी जानकारी लेने के लिए आना पड़ा। इधर, विभागीय लोगों ने भी किसी प्रकार की जानकारी न होने से इंकार कर दिया। बाबुओं ने बताया कि कोई अभ्यर्थी चंद्रप्रकाश का रिश्तेदार जानकारी लेने आया था। कहना था कि वह बुलंदशहर घर नहीं पहुंचा है।