इसके बाद नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर डायट प्राचार्य और बीएसए के चक्कर भी काटने शुरू कर दिए। हालांकि तैयार करने में वक्त का हवाला देते हुए अधिकारियों ने उन्हें सुबह नियुक्ति पत्र दिए जाने की बात कही, लेकिन वह रात में ही नियुक्ति पत्र की मांग को लेकर अड़ी रहीं। इस बीच अव्यवस्थाएं भी हावी रहीं।
मंगलवार को पुरुष अभ्यर्थियों की काउंसिलिंग के उपरांत धरना-प्रदर्शन झेलने के बाद बीएसए दफ्तर ने सूची अनुमोदित कराई और सुबह तीन बजे तक नियुक्ति पत्र तैयार कर दिए। रातभर बीएसए दफ्तर और डायट में बैठे रहे अभ्यर्थियों को तड़के चार बजे 332 नियुक्ति पत्र दे दिए गए। सुबह करीब साढ़े दस बजे से महिला अभ्यर्थियों की नियुक्ति के लिए काउंसिलिंग कराई गई। लगाई गईं निर्धारित मेजों पर विभिन्न वर्गों की महिलाओं ने काउंसिलिंग करते हुए अपने दस्तावेज जमा कर सूची पर हस्ताक्षर किए। हालांकि दोपहर ढाई बजे तक सब शांतिपूर्ण ढंग से चलता रहा। इसी बीच सूची की फोटोकॉपी कराने की आवश्यकता पड़ी तो इसके लिए अभ्यर्थियों को लाइन में खड़े-खड़े आधा से पौन घंटा इंतजार भी करना पड़ा। शाम साढे पांच तक जो अभ्यर्थी पहुंचे उनकी काउंसिलिंग पूरी करा दी गई। बीच-बीच में डायट प्राचार्य आनंद प्रकाश शर्मा व्यवस्थाओं को लेकर काउंसिलिंग स्थल का जायजा लेते रहे।
311 महिला अभ्यर्थियों ने कराई काउंसिलिंग
बदायूं। चयनित सूची में शामिल महिलाओं की काउंसिलिंग में पूरे दिन में बुलाए गए अभ्यर्थियों के सापेक्ष विभिन्न वर्गों में 311 अभ्यर्थी पहुंचे। बीएसए कृपाशंकर वर्मा ने बताया कि विभिन्न वर्गों में कुल 1,388 में से 332 पुरुष अभ्यर्थी आए थे। वहीं महिलाओं में सभी वर्गों में 311 ने काउंसिलिंग कराई। बताया कि सभी वर्गों में कला में 170 तथा विज्ञान में 141 महिला अभ्यर्थी आईं। इन्हीं को नियुक्ति पत्र निर्गत किए गए हैं। इसमें गौरव यादव, राकेश यादव, बीईओ सोमनाथ विश्वकर्मा, भानु शंकर गंगवार, श्रीराम सक्सेना, योगेश कुमार, विजय वीरेंद्र, प्रवीन शुक्ला, रामदास यादव, ज्योति सक्सेना, अमित, बहजुल सहित डायट/बीएसए विभाग के कर्मचारी मौजूद रहे।