बदायूं। परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों की खेल प्रतिभा को नया मंच देने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। नए शैक्षिक सत्र की शुरुआत के साथ ही जिले के प्राथमिक, उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों को स्पोर्ट्स ग्रांट उपलब्ध कराई जाएगी। योजना का उद्देश्य विद्यालयों में खेल सुविधाओं को मजबूत करना, बच्चों को खेलों के प्रति प्रोत्साहित करना और उनकी छिपी हुई प्रतिभाओं को निखारना है।
स्पोर्ट्स ग्रांट के तहत विद्यालय क्रिकेट, फुटबाल, कबड्डी, खो-खो, वॉलीबाल, बैडमिंटन जैसे लोकप्रिय खेलों की सामग्री खरीद सकेंगे। इसके अलावा एथलेटिक्स से जुड़े उपकरण, शतरंज, कैरम बोर्ड तथा अन्य इंडोर और आउटडोर खेल सामग्री भी उपलब्ध कराई जा सकेगी। इससे विद्यालयों में खेल गतिविधियां अधिक नियमित और व्यवस्थित ढंग से संचालित हो सकेंगी।
बेसिक शिक्षा अधिकारी नवीन कुमार ने बताया कि प्राथमिक विद्यालयों को पांच हजार रुपये और उच्च प्राथमिक और कंपोजिट विद्यालयों को 10 हजार रुपये तक की स्पोर्ट्स ग्रांट प्रदान की जाएगी। यह धनराशि सीधे विद्यालयों के खातों में भेजी जाएगी, जिससे खेल सामग्री और आवश्यक उपकरणों की खरीद की जा सकेगी। विभाग का मानना है कि बेहतर खेल संसाधनों की उपलब्धता से विद्यार्थियों की खेलों में भागीदारी बढ़ेगी और वे विभिन्न स्तरों की प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे।
गांव की प्रतिभाओं को मिलेगा नया मंच
ग्रामीण क्षेत्रों में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, बावजूद इसके संसाधनों और अवसरों के अभाव में कई प्रतिभाएं सामने नहीं आ पातीं। स्पोर्ट्स ग्रांट योजना के माध्यम से ऐसे बच्चों को विद्यालय स्तर पर ही बेहतर सुविधाएं और प्रशिक्षण उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है। विद्यालयों में खेल सामग्री उपलब्ध होने से बच्चे नियमित अभ्यास कर सकेंगे और उन्हें ब्लॉक, जिला, मंडल, राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेने का अवसर मिलेगा। इससे ग्रामीण अंचल की प्रतिभाएं भी बड़े मंच तक पहुंच सकेंगी।
प्रतिभाओं को मिलेगा उड़ान भरने का मौका
स्पोर्ट्स ग्रांट योजना से परिषदीय विद्यालयों में खेलों का माहौल और मजबूत होगा। खेल सामग्री की उपलब्धता से बच्चों को बेहतर प्रशिक्षण और अभ्यास के अवसर मिलेंगे। शिक्षा के साथ खेलों को समान महत्व देने की यह पहल न केवल विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में सहायक होगी, बल्कि जिले की खेल प्रतिभाओं को नई पहचान भी दिलाएगी।
खेलो इंडिया और फिट इंडिया अभियान को मिलेगा बल
केंद्र सरकार के खेलो इंडिया और फिट इंडिया अभियान को जमीनी स्तर पर सफल बनाने में भी यह योजना महत्वपूर्ण साबित होगी। विद्यालयों में खेल सुविधाओं के विस्तार से बच्चों में फिटनेस के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और वे स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।
विद्यालयों में खेल संस्कृति को मजबूत करने और विद्यार्थियों की प्रतिभा को उचित मंच प्रदान करने के उद्देश्य से सभी पात्र विद्यालयों को स्पोर्ट्स ग्रांट उपलब्ध कराई जाएगी। इस पहल से स्कूलों में खेल गतिविधियों को नई गति मिलेगी तथा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को बढ़ावा मिलेगा। - नवीन कुमार, बीएसए