डीएम से मिले पूर्व प्रधान, मनरेगा मजदूर और ग्रामीण
शपथ पत्रों पर की शिकायतें, रोजगार सेवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग
ब्लाक जगत के गांव हसनपुर हुरियाई के पूर्व प्रधान, मनरेगा मजदूर और ग्रामीण डीएम के आवास पर पहुंचे और उनसे गांव के रोजगार सेवक की ढेरों शिकायतें करते हुए कई घोटालों से जुड़े प्रमाण दिए। उनका कहना है कि रोजगार सेवक ने लाखों रुपयों का घोटाला किया है। इसलिए उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।
हसनपुर हुरियाई के पूर्व प्रधान जयवीर के साथ आए तमाम ग्रामीणों ने डीएम आवास पहुंचकर अपने गांव के रोजगार सेवक सुरेंद्र सिंह पर गंभीर आरोप जड़े। पूर्व प्रधान ने बताया कि अक्तूबर 2010 से दिसंबर 2015 तक रोजगार सेवक ने सभी कार्य की पत्रावलियां उनसे दिपाए रखीं। उसने झांझन सिंह के खेत से ईकरी के चौराहे ते मिट्टी का फर्जी कार्य दिखाकर मेरे फर्जी हस्ताक्षर से 69,391 रुपये निकाल लिए। ग्रामीण सिपट्टर सिंह, उमाशंकर, नेम सिंह आदि ने कहा है कि समाजवादी पेंशन में उनसे हजारों रुपये ठग लिए। इसमें उन्होंने 16 नामों की सूची भी डीएम को सौंपी। मनरेगा मजदूरों को काम दिखाकर उनसे रुपये निकलवाकर ले लिए। इस तरह के 18 मनरेगा मजदूरों की सूची सौंपी गई। जिनसे बाद में धन वसूल कर लिया गया।
डीएम सीपी त्रिपाठी ने ग्रामीणों और पूर्व प्रधान द्वारा की गई शिकायतों को गंभीरता से लिया और कहा कि जांच कर जैसे भी हालत होंगे। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी। डिीएम से मिलने वालों में चंद्रपाल, वेदराम, सर्वेश, नेम सिंह, महेश, बाबूराम, उमेश, सीताराम, छत्रपाल, सरदार, चरन सिंह, चंद्रपाल, उमेश, मुन्नी, मीरा, मेघन आदि मौजूद रहे।