सिलहरी (बदायूं)। खेड़ा नवादा पुलिस चौकी के पीछे आखिरकार पुलिस, प्रशासनिक अधिकारियों और नगर पालिकाध्यक्ष ने एक दुकान तुड़वाकर नाला खुदवा दिया। इस दौरान दुकान के किरायेदारों ने हंगामा किया। उन्होंने दुकान के नीचे नाला निकालने का विरोध किया। जिस पर पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में ले लिया। दोपहर बाद तक नाले की खुदाई पूरी कर दी गई।
मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाईवे पर खेड़ा नवादा में कई साल से जलभराव की समस्या थी। बरसात के दिनों में अक्सर सड़क पर पानी भर जाता था। इससे आसपास की दुकानें ठप पड़ी रहती थीं। उन पर कोई ग्राहक नहीं पहुंच पाता था। इस बार भी स्थानीय लोगों को बेहद परेशानी उठानी पड़ी। एक महीने तक सड़क पर पानी भरा रहा। इससे सड़क टूट गई और उसमें बड़े-बड़े गड्ढे हो गए। उन गड्ढों में एक ई-रिक्शा भी पलट गया था। जिससे कई लोगों को चोटें आई थीं। समस्या को देखते हुए 20 दिन पहले एडीएम प्रशासन रामनिवास शर्मा ने चौकी के पीछे नाला बनाने के आदेश दिए थे। जिससे हाईवे पर स्थित पुलिया खुदवा दी गई। उसमें बड़े-बड़े पाइप भी डलवा दिए गए। इसके बावजूद पानी का निकास नहीं हो रहा था। बताते हैं कि पहले जीशान अली की दुकान के नीचे नाला निकल रहा था, लेकिन उसने अपनी दुकान के पीछे भराव डलवा दिया। जिससे पानी निकास बंद हो गया था। उसकी दुकान सलीम ने किराए पर ले रखी थी। दोनों के बीच कोर्ट में मामला भी चल रहा है।
नाला खुलवाने के लिए बुधवार दोपहर एडीएम रामनिवास शर्मा, एसडीएम सदर पारसनाथ मौर्य, सिटी मजिस्ट्रेट केके अवस्थी, सीओ सिटी राघवेंद्र सिंह राठौर, नगर पालिकाध्यक्ष दीपमाला गोयल, कोतवाली इंस्पेक्टर ओमकार सिंह और सिविल लाइंस इंस्पेक्टर ओपी गौतम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने सबसे पहले सलीम से दुकान खाली कराई। इस दौरान सलीम और उसके बेटे अली ने विरोध किया। वीडियो बनाने लगा। जिस पर पुलिस ने दोनों पिता-पुत्र को पकड़ लिया और थाने ले गई। बाद में जेसीबी मंगवाकर खुदाई शुरू करा दी गई। दुकान के अंदर से नाला खुदवा दिया गया, जिससे सागर ताल में पानी पहुंच सके। नाला खुदने तक सभी अधिकारी खेड़ा नवादा में जमे रहे।