जावेद ने खुद को बताया था निर्दोष
पुलिस के कब्जे में आने के बाद हुई पूछताछ में जावेद ने खुद को निर्दोष बताया। वहीं साजिद को हत्यारा बताया। एसएसपी आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि अब तक जावेद ने जो बताया है हम उसका क्रास चेक कर रहे हैं। निष्कर्ष तक पहुंचने के लिए पुलिस हर पहलू को खंगालेगी। सिर्फ बयानों से ही जांच पूरी नहीं होगी।
एसएसपी ने कहा कि जावेद के मुताबिक विनोद के घर के सामने दोनों भाई करीब चार पांच साल से सैलून की दुकान चला रहे थे। साजिद का विनोद कुमार के घर आना जाना था। 19 मार्च को उसकी तबीयत खराब थी। हालांकि उसने दुकान पर आकर बाल काटे थे। इसके बाद दोनों भाई सखानू चले गए। वहां जाकर उसने बताया कि आज चिकन खाने का मन कर रहा है। चलो शहर चलते हैं। इससे वह शहर आए। उसे दुकान पर छोड़कर साजिद बाजार चला गया। वह एक चाकू खरीदकर लाया था।
शाम को साजिद उसे विनोद के घर ले गया था। उसने नहीं पता था कि वह क्यों जा रहा है। इस दौरान वह गेट पर खड़ा रहा। जब उसने देखा कि साजिद खून से सना चाकू लेकर जीना से उतर रहा है तो वह मौके से भाग गया था। बाद में पता चला कि साजिद का शेखपुर के जंगल में एनकाउंटर हो गया।
एसएसपी ने बताया कि जरूरत पड़ने पर जावेद का नार्को टेस्ट भी कराया जाएगा। सीन रिक्रिएट भी किया जाएगा। मामले की तह तक जाने के लिए किसी भी तथ्य या बिंदु को नजर अंदाज नहीं किया जाएगा।
आत्मसमर्पण से पहले वीडियो वायरल
जावेद ने जिस अंदाज में खुद को पुलिस के हवाले किया वह काफी शातिराना है। उसे पकड़कर पुलिस को सौंपने वाले स्थानीय युवक इनाम के लालच में बदायूं गए हैं, चर्चा है कि वहां पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है। पूरी योजना एनकाउंटर से बचने की थी।