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भैयादूज आज, बसों की संख्या बढ़ी, फिर भी रही मारा-मारी

Thu, 12 Nov 2015 11:46 PM IST
बदायूं।
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भैयादूज जैसे त्योहार मनाने के लिए आवागमन अचानक बढ़ जाने के कारण, बसों, ट्रेनों में मारामारी का माहौल रहा। प्राइवेट बसें खचाखच भरी रहीं। बस संचालकों के व्यवहार को लेकर कई जगह विवाद खड़े हुए। बसों में भीड़ का नजारा था कि खिड़कियों में से सवारियों को अंदर किया गया। यही हाल ट्रेनों का था। डग्गामार वाहनों ने भी खूब फर्राटे भरे। इसके बावजूद यात्रियों की भीड़ संभले नहीं संभल रही थी। यात्रियों में दूज करने आने-जाने वाली महिलाओं की संख्या बहुत थी।
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यात्रा में परेशानी न हो। इसके इंतजाम में परिवहन विभाग ने हालांकि विभिन्न रूटों से दिल्ली जाने और स्थानीय रूटों पर यात्रियों को बसों की संख्या में बढ़ोत्तरी कर दी थी। बताते हैं कि डेढ़ गुनी बसों की संख्या के बावजूद यात्री यात्रा के साधनों पर भारी पड़ गए।
दिल्ली जाने के लिए वाया सहसवान, वाया चंदौसी और वाया बिल्सी होकर अमूमन 50 बसें रोजाना भेजी जाती थीं, लेकिन त्योहार को देखते हुए बसों की संख्या 70 पर पहुंच गई है। सवारियां निकलने की वजह से दिल्ली रूटों से आय में बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है। यह जानकारी देते हुए एआरएम वीके शुक्ला ने बताया कि सर्वाधिक ध्यान दिल्ली रूट पर दिया जा रहा है। 80 प्रतिशत बसें दिल्ली रूट पर संचालित कराई जा रही हैं।
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बदायूं-फर्रुखाबाद, बदायूं-बरेली, बदायूं-कासंगज,बदायूं-जलालाबाद आदि स्थानीय रूटों पर भी बसों की कमी नहीं है। स्थानीय रूटों पर रोडवेज की 15 और अनुबंधित 27 बसें संचालित हो रही हैं। इन बसों के आवगमन में बढ़ोत्तरी कर दी गई है। इससे स्थानीय यात्रियों को परेशानी नहीं उठानी पड़ेगी।
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छतों पर बैठ और लटककर भी की यात्रा
रोडवेज के तमाम इंतजाम करने के बावजूद बसों में खासी भीड़ रही। बस अड्डे को छोड़कर रास्ते में बसों का इंतजार करने वाली सवारियों को बैठने के लिए सीट बमुश्किल से मिली। रोडवेज के अलावा प्राइवेट बसों में भी यात्रियों की भारी भीड़ रही। यात्रियों ने जल्दी पहुंचने के लिए मैजिक, जीप आदि वाहनों पर लटकने में भी गुरेज नहीं किया। इसके अलावा वाहनों की छतों पर भी लोगों ने यात्रा की।
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