साल में एक बार खोला जाता है विशेष मंदिर
नवाब नौबत राय मंदिर घर में बना हुआ है। जिसे साल में एक बार ही खोला जाता है। आशीष ने बताया कि महाशिवरात्रि के दिन इस मंदिर के दरवाजे भक्तों के लिए खोले जाते हैं। इस मंदिर में आठ मंत्र लिखे हुए जो आंग ऋषि ने भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए बोला था। इन मंत्रों को पढ़ सभी लेते हैं लेकिन अर्थ कोई नहीं बता पाता है। इसी मंदिर को देखने लिए भक्त भी पूरी साल खुलने का इंतजार करते हैं। महशिवरात्रि को सुबह 9 बजे से 1 बजे तक भक्तों के लिए खोला जाएगा।
ऐतिहासिक और पौराणिक बरौलिया की गुफा और मंदिर
उघैती में सहसवान रोड पर स्थित सिद्ध बरौलिया का ऐतिहासिक व पौराणिक प्राचीन शिव मंदिर वर्षों पुराना है। यहां का शिवमंदिर आस्था और विश्वास का ऐसा अनूठा केंद्र है, जहां हिंदू-मुसलमान दोनों ही यहां लगने वाले मेला की तैयारी में जुटते हैं। मंदिर के महंत ने सोहनदास ने बताया कि यह मंदिर अत्यंत प्राचीन है। स्थानीय लोग और मंदिर के महंत का मानना है कि भगवान परशुराम के पिता ऋषि जमदग्नि ने यहां तपस्या की थी। मंदिर में एक प्राचीन गुफा भी है।
इस गुफा में ऋषि तपस्या करके सिद्धियां प्राप्त करते थे। गुफा कहां खुलती है। इसके बारे में आज तक कोई नहीं जान सका। बताते हैं कि शिवालय पर जलाभिषेक को गुफा के रास्ते ही तपस्वी गंगा तक जाते और जल लेकर आते थे। भक्तों की यह धार्मिक स्थल अगाध श्रद्धा का केंद्र है। महाशिवरात्रि और सावन माह में मेला जैसा माहौल रहता है। भक्तों की भारी भीड़ लगती है। महाशिवरात्रि पर यहां प्रतिवर्ष भक्तों का जमावाड़ा होता है। मेला लगता है। लोग मनोकामना मांगने पहुंचते हैं। महंत ने बताया कि भोलेनाथ के सामने मांगी हुई हर मनोकामना पूरी होती है।