कायाकल्प योजना के तहत विद्यालय में होने वाले काम की समीक्षा करती डीएम व सीडीओ। संवाद
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बदायूं। कायाकल्प योजना के तहत बुधवार को विद्यालयों में पेयजल, छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालय, चहारदीवारी सहित कई किए गए कार्यों की समीक्षा डीएम ने की। इसमें कार्य अधूरा मिलने पर डीएम ने बीडीओ, एडीओ पंचायत, सचिव के वेतन पर रोक लगाई।
डीएम दीपा रंजन ने सीडीओ ऋषिराज के साथ कलक्ट्रेट में बैठक की। इसमें डीएम ने पाया कि ब्लॉक अंबियापुर के 13 विद्यालयों में शासन की ओर से विद्यालय के दिए गए पैरामीटर पर काम अभी तक पूरा नहीं हो सका। इस पर डीएम ने नाराजगी जताते हुए बीडीओ, एडीओ पंचायत व सचिव की फटकार लगाते हुए वेतन रोकने के साथ नोटिस देने के निर्देश दिए हैं। डीएम ने निर्देश दिए कि जिले के ऐसे सभी विद्यालयों जहां शौचालयों में टाइल्स लगाने व पानी की व्यवस्था नहीं है, वहां के भी बीडीओ, एडीओ पंचायत के वेतन आहरण पर रोक लगाई जाए। डीएम ने स्पष्ट रूप से कहा कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। जल्द से जल्द शेष बचे निर्माण कार्यों को पूर्ण कराएं, अन्यथा कठोर कार्रवाई की जाएगी।
इधर, डीएम ने कहा कि सरकार की ओर से परिषदीय, सहायता प्राप्त विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए उनके अभिभावकों के खाते में डीबीटी के माध्यम से 1100 रुपये भेजे गए हैं। इनसे यूनिफार्म, जूता-मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग खरीदे जाने हैं ताकि सभी बच्चे पूरी स्कूल ड्रेस में स्वेटर व बैग के साथ विद्यालयों में आएं। डीएम ने बीईओ को निर्देशित किया कि जो बच्चे पूरी स्कूल ड्रेस में न आएं। उनके अभिभावकों को विद्यालयों में बुलाकर बता दें कि उनके खाते में सरकार द्वारा भेजे गए 1100 रुपये से बच्चों के लिए यूनिफॉर्म, जूता, मोजा, स्वेटर, स्कूल बैग खरीदें, वरना धनराशि की रिकवरी की जाएगी।