उझानी (बदायूं)। अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स के तहत मंगलवार को उझानी के आदर्श शिक्षा निकेतन इंटर कॉलेज में बालिका शिक्षा विषय पर गोष्ठी हुई। इसमें छात्राओं को लक्ष्य साधकर आगे बढ़ने की सलाह दी गई। एपीएम पीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत वशिष्ठ ने बालिकाओं को उनके दायित्व का बोध कराया। कहा कि शैक्षिक माहौल तभी बनेगा जब बालिकाओं को शिक्षित किया जाए। शिक्षित बालिकाएं ही देश और समाज के उत्थान में अहम भूमिका निभा सकती हैं। बालिकाओं को खासकर शिक्षा के प्रति ज्यादा प्रोत्साहित किया जाए।
कार्यक्रम शुरू में एपीएम पीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत वशिष्ठ ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्जवलित किया। उन्होंने कहा कि बालिकाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक करने में अभिभावकों को अहम भूमिका निभानी चाहिए। शासकीय स्तर से बालिकाओं के शैक्षिक उत्थान के लिए योजनाएं संचालित हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में बालिकाओं को उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित नहीं किया जाता जो समाज के लिए नुकसानदेह साबित हो रहा है। प्राचार्य ने बालिकाओं को लक्ष्य तय कर पढ़ाई करने पर जोर दिया। कहा कि लक्ष्य के बिना सफलता अर्जित नहीं की जा सकती।
सांईंनाथ कॉलेज ऑफ टीचर एजूकेशन के प्रवक्ता नवीन कुमार ने कहा कि बालिकाओं ने देश और दुनिया में हर बार नये आयाम स्थापित किए हैं। सामाजिक, शैक्षिक और राजनीतिक स्तर पर भी महिलाओं ने नाम रोशन किया है। ऐसी महिलाओं को प्रेरणास्रोत मानकर बालिकाएं अभी से आगे बढ़ने की ठान लें तो उन्हें लक्ष्य हासिल करने में कोई दिक्कत नहीं होगी। कॉलेज के प्रबंधक टेकचंद्र यादव ने कहा कि अच्छे अंक अर्जित करने वाली छात्राओं को प्रोत्साहित किए जाने की आवश्यकता है। प्रधानाचार्य आरती यादव ने सामाजिक उत्थान में मातृ शक्ति की भूमिका की सराहना की। कार्यक्रम में एसआई शिवेंद्र सिसोदिया भी रहे।
छात्राओं को दिलाई निर्भीक होकर पढ़ाई करने की शपथ
उझानी। अपराजिता कार्यक्रम में जुटीं छात्राओं के लिए उनके दायित्व का बोध कराने के बाद एपीएम पीजी कॉलेज के प्राचार्य डा. प्रशांत वशिष्ठ समेत प्रमुख वक्ताओं ने सामूहिक रूप से छात्राओं को निर्भीक होकर पढ़ाई करने, लक्ष्य के अनुरूप आगे बढ़ने और अपने घरों के आसपास की बालिकाओं को भी शिक्षा के प्रति जागरूक करने की शपथ दिलाई। वक्ताओं के साथ छात्राओं ने भी शपथ को दोहराया।