योजना के मुताबिक सोमवार सुबह संतोष कुमार ने एपीओ अनुपम शर्मा को कॉल की तो उसने उसे दोपहर में सहसवान ब्लॉक बुलाया। प्रधान और एंटी करप्शन के इंस्पेक्टर प्रवीन सान्याल टीम के साथ सहसवान पहुंच गए। एपीओ ने प्रधान को कमरे में बुलाया, जहां प्रधान ने पहले से पाउडर लगे 20 हजार रुपये उसे सौंपे। इसी बीच टीम ने एपीओ को रंगे हाथ दबोच लिया और रुपये बरामद कर लिए।
एपीओ के हाथ पर भी पाउडर लगा था। जब उसके हाथ धुलवाए तो लाल रंग पाया गया। टीम उसे उझानी कोतवाली ले गई। वहीं, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया। इंस्पेक्टर प्रवीन सान्याल ने उसके खिलाफ उझानी कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई है।
टीम ने वीडियो भी बनाई
एंटी करप्शन की टीम ने इस तरह जाल बिछाया कि एपीओ को भनक तक नहीं लगी। प्रधान भी उसके बताए अनुसार कार्य करते रहे और सहसवान ब्लॉक पहुंच गए। जब टीम ने उसे पकड़ा तो वह देखता ही रह गया। टीम ने उसकी वीडियो भी बनाई। इसकी जानकारी पर सहसवान ब्लॉक में खलबली मच गई।