प्रत्येक माह दो बार वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित होने वाले पुलिस परामर्श केंद्र में पहुंचे एसपी सिटी अनिल कुमार यादव ने कहा है कि जो पक्षकार कई तिथियों पर लगातार अनुपस्थित रहते हैं, उनके विरुद्ध कठोर कदम उठाए जाएंगे और ऐसे लोग आवश्यकता होने पर दंडित किए जाएंगे।
एसपी सिटी ने जनता से भी आह्वान किया कि घरों परिवारों के मसलों को सीधे न्यायालयों में ले जाने की अपेक्षा पुलिस परामर्श केंद्रों के काउंसलर के माध्यम से सुलझाएं।
परिवार परामर्श केंद्र प्रभारी एसआई पूजा शर्मा समझौता के लिए 57 फाइलें लाई थीं। इसमें तीन मामले इसलिए बंद किए गए क्योंकि सासों ने समझौते नहीं होने दिए। बिनावर क्षेत्र के शकूरपुर निवासी पीरपाल ने अपनी बेटी की शादी गत 24 जून को मिर्जापुर, उझानी निवासी दीपू पुत्र धर्मं से की थी। उसके साथ मारपीट कर निकाल दिया गया।
एक ऐसा मामला आया, जिसमें बिल्सी क्षेत्र के ग्राम उलैइया निवासी झांझन के पुत्र चरण ने अपनी पत्नी को तीन बच्चों के साथ घर से निकाल दिया। जिसके सात साल का एक लड़का और दो चार व दो वर्ष की छोटी बेटी हैं।आरोप है कि पीड़िता रिंकी के भाई मुनेंद्र को घर बुलाकर बुरी तरह पीटा गया। घर से निकाल बाहर किया गया। पीड़िता बुरी तरह रो रही थी। दोनों पक्ष अब 29 मई को आएंगे।
आज डॉ. लता मिश्रा, डॉ. विष्णु प्रकाश मिश्र, अशोक खुराना, रामजस अनेजा, प्यारे सिंह यादव, अबरार अहमद, डॉ. एमएम फरशोरी, एससी जौहरी, प्रो. डीपी खत्रीआदि काउंसलर उपस्थित रहे। पुलिस कर्मियों में पूजा शर्मा, आसमां बेगम, अंकित सैनी, लक्षमी तिवारी, राज कुमार का योगदान रहा।