बदायूं। थाना सिविल लाइंस क्षेत्र में महिला को गन प्वाइंट पर लेकर घर में घुसकर की गई लूटपाट की वारदात का पुलिस ने पूरी तरह से पर्दाफाश कर दिया है। इस मामले में फरार चल रहा 25 हजार रुपये का इनामी चाैथा बदमाश बृहस्पतिवार रात हुई मुठभेड़ के दौरान घायल अवस्था में गिरफ्तार कर लिया गया। मुठभेड़ के बाद आरोपी के कब्जे से लूटी गई नकदी, घड़ी, चश्मा सहित अन्य सामान तथा अवैध तमंचा और कारतूस बरामद किए गए हैं। आरोपी के दाहिने दाहिने में गोली लगी है उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि थाना सिविल लाइंस पुलिस टीम जंगल ग्राम कुलचौरा अलापुर रोड के पास संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान सूचना के आधार पर 25 हजार रुपये के इनामी बदमाश डेविड उर्फ शोएब पुत्र मोहम्मद मियां, निवासी ग्राम इस्लामगंज थाना अलापुर को घेराबंदी कर पकड़ने का प्रयास किया गया।
खुद को घिरता देख आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायर झोंक दिया। अचानक हुई फायरिंग से पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए। जवाबी कार्रवाई में पुलिस द्वारा आत्मरक्षार्थ की गई फायरिंग में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा और मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
तलाशी के दौरान उसके कब्जे से लूट की गई रकम में से शेष 16 हजार 500 रुपये नकद, घड़ी, चश्मा एवं अन्य सामान बरामद किए गए। इसके साथ ही घटना में प्रयुक्त एक तमंचा 315 बोर तथा पांच खोखा कारतूस भी पुलिस के हाथ लगे हैं। घायल आरोपी को तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
20 दिसंबर को हुई थी महिला से लूट की वारदात
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बीती 20 दिसंबर को थाना सिविल लाइंस क्षेत्र के रिगालिया गार्डन कॉलोनी में गृहस्वामिनी प्रीति वर्मा को गन प्वाइंट पर लेकर उनके घर में घुसकर लूटपाट की गई थी। इस सनसनीखेज घटना के तीन आरोपियों को पुलिस पहले ही 23 दिसंबर को एक मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। चौथा आरोपी डेविड उर्फ शोएब फरार था, जिसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
ऑनलाइन फूड डिलीवरी कर बनाई लूट की योजना
पुलिस पूछताछ में आरोपी डेविड ने स्वीकार किया कि वह ऑनलाइन फूड व सामान डिलीवरी कंपनी में कार्य करता था। इसी दौरान उसका पीड़िता के घर आना-जाना हुआ था। आर्थिक तंगी के चलते उसने अपने साथियों दीपक, संतोष व जसविंदर के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई और वारदात को अंजाम दिया। लूट में मिले कुछ रुपये वह खर्च कर चुका था, जबकि शेष रकम और सामान पुलिस ने बरामद कर लिए हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आरोपी का आपराधिक इतिहास भी रहा है। उसके खिलाफ पूर्व में जिला शाहजहांपुर के थाना जैतीपुर में एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज है।