वार्ड परिक्रमा-
वार्ड संख्या-20
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अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। शहर के सिविल लाइंस प्रथम इलाके में आना वाले वार्ड नंबर 20 के बाशिंदे भी नारकीय हालात से गुजर रहे हैं। मधुवन कॉलोनी, 32 सिविल लाइंस और पुराना बर्फखाना जैसे इलाकों की बड़ी आबादी वाले इस वार्ड में स्टेशन, इनकम टैक्स कार्यालय और इंद्राचौक से सिंगलर गर्ल्स इंटर कॉलेज, विद्यावती जूनियर हाईस्कूल तक का एरिया शामिल है। इस वार्ड में गंदगी और बारिश में जलभराव से शायद ही कोई गली या मोहल्ला अछूता हो। यहां सड़कें और गलियां भी खराब हैं और पानी की सप्लाई भी नियमित नहीं है। नतीजतन, बारिश के दिनों में 10 हजार से ज्यादा आबादी वाले इस वार्ड के नागरिकों को जलभराव से जूझना पड़ता है।
इस वार्ड में लगभग 200 गालियां और करीब आठ-दस रोड हैं। इसमें अधिकतर गलियां टूटी हैं। कहीं बिजली विभाग की ओर से खोदकर डाल दी गई हैं और कहीं पहले से टूटी पड़ीं हैं। करीब छह-सात हैंडपंप खराब पड़े हुए है। वार्ड में 200 स्ट्रीट लाइट में से अधिकतर खराब हैं। इस वार्ड में चार-पांच छोटे नाले भी बहते हैं। उनकी सफाई न होने से वे चोक हैं। इससे बारिश में जलभराव की आशंका बनी रहती है। नाले की सफाई न होने से मधुवन कॉलोनी से लेकर स्टेशन तिराहे तक का इलाका बारिश में जलमग्न हो जाता है। यही हाल एसके फील्ड में बने सरकारी आवासों का है। बारिश नजदीक है इसलिए इस वार्ड के लोगों को चिंता सताने लगी है।
वार्ड में छह-सात सफाई कर्मी हैं लेकिन मोहल्लेवासियों की माने तो एक भी सफाई कर्मचारी सफाई करने नहीं आता। --------------------
वार्ड में दिक्कतें - सिविल लाइंस प्रथम स्टेशन के सामने रहने वाले सौरभ और विकार अहमद ने बताया कि स्टेशन होने की वजह से यहां यात्रियों का आवागमन अधिक रहता है। सड़कें टूटी होने से यात्रियों को निकलने में काफी दिक्कत उठानी पड़ती हैं। हर ओर गंदगी का ढेर लगा रहता है। वर्षों से नालों की सफाई नहीं की गई है। इससे जलभराव होना तय है। - मयंक और मुन्नी देवी ने बताया कि मधुवन कॉलोनी में गली और रोड पर इस समय जलभराव है तो बरसात में क्या हाल होगा। नाले- नालियों की सफाई न होनेेे की वजह से यहां का हाल नरक जैसा हो जाता है, जिससे रहना मुश्किल होता है। नाले चोक होने की वजह से सुनीति पेट्रोल पंप के पास का नाला चोक होने की वजह से पानी गलियों में भर जाता है। पूरे मोहल्ले में लाइट खराब हैं। रात में अंधेरा रहता है। इससे चोर उच्चकों का डर लगा रहता है। - एसके फील्ड सरकारी कॉलोनी से लेकर पुराना चकबंदी कार्यालय से लेकर सिंगलर मिशन स्कूल तक का नाला चोक है। प्रमोद और राजवाला ने बताया कि नाला चोक होने से घरों में पानी भर जाता है। हर समय जलभराव रहता है। यहां से कहीं पानी का निकास नहीं है। नाले नालियां सब चोक पड़े हैं। वर्षों से सफाई ही नहीं हुई है। हैंडपंप भी खराब पड़ा है।
--------------------- कहां-कहां खराब हैं नल
एसके फील्ड सरकारी आवासों के पास, स्टेशन के सामने, 32 सिविल लाइन सुनीति अस्पताल के पास इंद्राचौक, इनकम टैक्स आफिस के पास।
------------------------- क्या कहते हैं लोग
मधुवन कॉलोनी के सुरेंद्र का कहना है कि सफाई करने कोई नही आता है। खुद सफाई तो कर लेते हैं, लेकिन ये जलभराव कैसे दूर किया जाए। नाली से पानी का निकास होने की वजह से गली में जलभराव बना हुआ है। बारिश में तो घरों में घुटनों तक पानी पहुंच जाता है। घर में रहना मुश्किल हो जाता है।
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रोहिताश कुमार ने बताया कि स्टेशन के सामने नाला चोक है पानी का निकास नहीं है। सड़क टूटी पड़ी हैं। अभी तक नहीं बनवाई गई है। नाले में गंदगी का अंबार लगा हुआ है। सफाई करने के लिए कोई सफाई वाला नहीं आता है।
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चकबंदी कार्यालय के पीछे रहने वाले प्रमोद श्रीवास्तव का कहना है कि घरों के पीछे नाला चोक होने तथा गलियों में गंदगी और कूड़े की वजह से रहना मुश्किल है। घरों में गंदा पानी घुस रहा है। मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है।
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एसके फील्ड सरकारी आवासों कॉलोनी की विजय कुमारी ने कहा कि वर्षों से नालों की सफाई नहीं की गई है। स्टेशन से लेकर संतोख सिंह तिराहे तक का नाला कूड़े से पटा हुआ है, इसलिए यहां से पानी का निकास न होने की वजह से नारकीय हालात बने हुए हैं।
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पालिका सदस्य कहिन
फोटो-8 वार्ड की समस्याओं को दूर करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। कई समस्याओं का समाधान हुआ भी है। नालों की सफाई समय रहते कराने के लिए नगर पालिका अफसरों से कहा है। उन्होंने आश्वासन भी दिया है। बाकी समस्याओं का निस्तारण भी करा रहे हैं।
- शकुंतला राठौर, पालिका सदस्य --
वर्जन------------- वार्ड में जो समस्याएं हैं, उनके निस्तारण के लिए कर्मचारियों से कहा जाएगा। बरसात से पहले नाले साफ कराए जाएंगे। नाले-नालियों की सफाई कराई जा रही है ताकि बारिश में जलभराव न हो सके। लाइटें भी सही कराने के लिए कहा गया है।
-डालचंद्र भारती, अधिशासी अधिकारी