बालक की गंगा में डूबकर मौत
कछला में हादसे के बाद कोहराम, महाराष्ट्र का निवासी है परिवार
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं।
बिल्सी के मूल निवासी और अब महाराष्ट्र में जाकर बसे परिवार के साथ कछला गंगा घाट पर बड़ा हादसा हो गया। गंगास्नान करने के दौरान परिवार के बारह साल के बालक की गंगा में डूबकर मौत हो गई। परिवार के लोग उसके जीवित होने की उम्मीद में जिला अस्पताल तक उसे लेकर आए। यहां मौत की पुष्टि के बाद कोहराम मच गया।
बिल्सी के गली नंबर छह के मूल निवासी विकास सिंह चौहान कई साल से महाराष्ट्र के औरंगाबाद में परिवार के साथ रह रहे हैं। विकास के ससुर भारतेंदु सिंह बरेली के सुभाषनगर के निवासी हैं। भारतेंदु ने कछला गंगा घाट पर धर्मशाला का निर्माण कराया है। सोमवार को इस धर्मशाला का शुभारंभ था। इसमें विकास भी परिवार के साथ कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। धर्मशाला शुभारंभ के बाद यह लोग दोपहर तीन बजे करीब स्नान करके गंगा किनारे खाना खाने बैठ गए। तभी विकास का पुत्र पृथ्वीराज सिंह उर्फ कुनकुन (8) चुपचाप फिर से गंगा में नहाने पहुंच गया। नहाते हुए वह डूबने लगा। उसने चीखना शुरू किया तो विकास के साले शैलेंद्र उसे बचाने को गंगा में कूद पड़े। वह भी तैरना नहीं जानते थे, इसलिए डूबने लगे। बाद में दूसरे लोगों ने उन्हें तो निकाल लिया पर पृथ्वीराज डूब गया। गोताखोरों की काफी मशक्कत के बाद एक नाव के नीचे से पृथ्वीराज को निकाला जा सका। धार्मिक कार्यक्रम में आए परिवार और रिश्तेदारों में कोहराम मच गया। बच्चे की सांसें थम चुकी थीं पर परिवार के लोग उसे लेकर जिला अस्पताल आए। यहां जब डॉक्टर ने उसकी मौत की पुष्टि की तो महिलाएं चीखने लगीं। देर रात तक भारी भीड़ अस्पताल में जमा थी।