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राजकीय मेडिकल कॉलेज में अगस्त से भर्ती होने लगेंगे मरीज

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फोटो-17,18 (एक फोटो: तीन कालम)
राजकीय मेडिकल कॉलेज में अगस्त से भर्ती होने लगेंगे मरीज
सौ बैड के कक्ष तैयार, दो सौ बैड का कक्ष जून में पूरा हो जाएगा
दवाओं की खरीद के लिए टेंडर जारी, उपकरणों की भी खरीद
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं।
यह खबर बदायूं ही नहीं आसपास जिलों के लिए भी बड़ी खुशखबरी है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो अगस्त में यहां स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज में गंभीर मरीज भर्ती होने लगेंगे। सौ बैड का एक कक्ष तैयार हो चुका है। दो सौ बैड के दो कक्ष जून में पूरे हो जाएंगे। इसके बाद जुलाई में उपकरण फिटिंग कर कक्षों को अंतिम रूप दिया जाएगा। अभी मेडिकल कॉलेज में केवल ओपीडी में मरीज देखे जा रहे हैं।
यहां बदायूं-मथुरा रोड पर गुनौरा वाजिदपुर गांव के पास 20 दिसंबर 2013 को तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने राजकीय मेडिकल कॉलेज का शिलान्यास किया था। मेडिकल कॉलेज के भवन निर्माण और चिकित्सा उपकरणों की खरीद के लिए 646 करोड़ रुपये बजट तय किया गया था। अब तक 400 करोड़ का बजट जारी हो चुका है। 246 करोड़ का बजट अभी मिलना बाकी है। अक्तूबर 2015 में राजकीय मेडिकल कॉलेज की ओपीडी शुरू हो गई थी। इसके बाद शासन ने चिकित्सा उपकरणों की खरीद को 20 करोड़ रुपये जारी किए थे। इस धनराशि से चिकित्सा उपकरणों की खरीद हो रही है। मेडिकल कॉलेज प्रशासन के आवेदन पर नवंबर 2016 में मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया की टीम ने यहां दौरा किया। फैकल्टी पूरी न होने की वजह से एमसीआई ने मेडिकल कॉलेज को मान्यता नहीं दी। फरवरी 2018 में 33 करोड़ 72 लाख रुपये के आसपास बजट मिला था।
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प्राचार्य का कहना है कि इस साल सितंबर में एमसीआई फिर मेडिकल कॉलेज का दौरा कर सकती है। इसकी तैयारी तेजी से चल रही है। 2019 में एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू होने की उम्मीद है। इसके लिए एमसीआई की टीम को जिन मानकों की अर्हता पूरी होने की जरूरत है। उसी पर जोर दिया जा रहा है।
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निर्माण निगम ने भेजी है डिमांड
मेडिकल कॉलेज में निर्माण कार्य देख रही संस्था उप्र राजकीय निर्माण निगम की ओर से शासन को डिमांड भेजी गई है। इसमें उन्होंने बजट की मांग की है। कहा कि जो बजट दिया गया था वह पूरा खर्च हो चुका है। अगर जल्द ही बजट नहीं मिला, तो मेडिकल कॉलेज के काम की गति प्रभावित हो सकती है।
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मेडिकल कॉलेज में स्टाफ
-ओपीडी सूचारू रूप से चल रही हो
-25 सीनियर डॉक्टर मौजूद हों
-40 जूनियर डॉक्टर हों
-22 प्रोफेसर, सहायक प्रोफेसर हों
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कब-कब आया बजट
सन 2013-14 में416.29 लाख रुपये, सन 2014-15 में 82451.31 लाख रुपये, सन 2015-16 में- 14007.77 लाख रुपये, सन 2016-17 में -13263.12 लाख रुपये, सन 2013-14 में 3372.60 लाख रुपये
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क्या बोले लोग
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फोटो-19-
मेडिकल कॉलेज की वजह से बहुत फायदा मिला है। लोगों को इलाज के लिए अन्य जिलों में नहीं जाना पड़ेगा।
-रक्षपाल
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फोटो-20-
यहां पर जिला अस्पताल से अच्छी दवाएं मिल रही है। साथ ही डॉक्टरों को व्यवहार भी वहां से काफी अच्छा है।
-शीला देवी
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फोटो-21-
हम उम्मीद करते हैं कि यह जल्द ही पूरा बन जाए। क्योंकि अब भी कई दवाओं को बाहर से खरीदना पड़ता है।
-रत्न लाल
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फोटो-22-
वर्जन--
हमारी प्राथमिकता आईपीडी की शुरुआत करने की है। निर्माण दायी संस्था की ओर से दो टॉवर (100-100 बेड का कक्ष) जून में पूरा करके देने को कहा है। इसके मिलते ही जुलाई में उपकरण आदि रखवाने शुरू कर देंगे। जिसकी टेस्टिंग के बाद में अगस्त से आईपीडी शुरू कर दी जाएगी। वहीं सितंबर में उम्मीद है कि एमसीआई की टीम कॉलेज को दौरा करेगी।
- प्राचार्य डॉ. आरपी सिंह, राजकीय मेडिकल कॉलेज, बदायूं
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