बिजनौर। स्वयं सहायता समूहों के जरिये आत्मनिर्भर बनने की कोशिश कर रहीं महिलाओं के सामने बैंक ऋण की प्रक्रिया बड़ी अड़चन बनी हुई है। दस्तावेज से लेकर ऋण स्वीकृति और धनराशि के वितरण तक परेशानी उठानी पड़ रही है। शुक्रवार को विदुर प्रेरणा स्वदेशी ब्रांड से जुड़ी 20 से अधिक महिलाओं ने वर्चुअल संवाद में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के सामने बैंक ऋण की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान को महिलाओं ने बैंक से ऋण प्राप्त करने में आ रही विभिन्न समस्याओं एवं चुनौतियों की जानकारी दी। वर्चुअल संवाद में जुली देवी ने कहा कि प्रोजेक्ट रिपोर्ट के हिसाब से बैंक ऋण स्वीकृत नहीं करते हैं। ऐसे में कारोबार शुरू करने में दिक्कत आती है। इसके अलावा रीता शर्मा ने महिलाओं के लिए शून्य बैलेंस का खाता खोलने की मांग की। वहीं, पुष्पा, सुमन, कविता अन्य महिला समूह सदस्यों ने बैंक ऋण मिलने से संबंधित समस्या बताई।
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने महिलाओं की समस्या सुनने के बाद समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में स्वयं सहायता समूहों की महत्वपूर्ण भूमिका है। साथ ही महिलाओं ने विदुर प्रेरणा स्वदेशी ब्रांड के माध्यम से संचालित विभिन्न आजीविका गतिविधियों, उत्पादन इकाइयों एवं स्वरोजगार की जानकारी दी। इससे महिलाओं की आय बढ़ने के साथ ही आत्मनिर्भरता की नई पहचान मिली है।