बिजनौर। पानीपत खटीमा नेशनल हाईवे का सबसे लंबा ओवर ब्रिज कोतवाली देहात में बनेगा। जिसकी लंबाई 700 मीटर तक हो सकती है। दरअसल, पहले यह 200 मीटर बनाया जाना था लेकिन व्यापारियों की मांग पर इसकी लंबाई बढ़ाने का प्रस्ताव बना। जिसका निर्माण दिसंबर के महीने में ही चालू कर दिया जाएगा। बिजनौर से कोतवाली के बीच कई पुलों का निर्माण गार्डर स्तर तक पहुंच गया है।
कोतवाली मार्ग को पानीपत खटीमा नेशनल हाईवे में शामिल करने के बाद सड़क का चौड़ीकरण किया जा रहा है। इस सड़क को मेरठ पौड़ी नेशनल हाईवे से जोड़ने के लिए साढ़े तीन किलोमीटर लंबा बाईपास भी बनाया जा रहा है।
यह बाईपास बिजनौर नजीबाबाद मार्ग में पैदा के पास से शुरू होकर कोतवाली मार्ग पर वीकेआईटी कॉलेज के पास निकल रहा है। कोतवाली मार्ग में दस किमी तक सड़क डामर की बनाई जा चुकी है। करीब ढाई किलोमीटर में मिट्टी डालकर सड़क का आधार तैयार कर लिया गया है। मई 2023 तक सड़क का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है।
कोतवाली देहात में ओवरब्रिज का निर्माण भी हाईवे के प्रोजेक्ट में शामिल है। जिसका निर्माण दिसंबर में चालू कर दिया जाएगा। बता दें कि शुरुआत में दौ मीटर लंबा ओवर ब्रिज बनाने कवायद थी लेकिन व्यापारियों के विरोध के चलते इसकी लंबाई बढ़ाई गई है। जिससे पूरे बाजार में ट्रैफिक ओवर ब्रिज से निकल जाया करेगा। इस मार्ग में तीन अंडरपास भी बनाए गए हैं। इन्हें सड़क से जोड़ना बाकी रह गया है। फिलहाल नहरों, छोइया नदी और बान नदी पर पुल का निर्माण चल रहा है जोकि गार्डर स्तर तक हो चुका है।
एक साल से बन रही है सड़क
पिछले साल नवंबर के महीने में ही बिजनौर कोतवाली रोड का निर्माण चालू हुआ था। हालांकि निर्माण के दौरान लोगों का काफी मुश्किलें झेलनी पड़ रही है। क्योंकि जगह जगह मिट्टी होने की वजह से उड़ती धूल लोगों को परेशान करती है। इसके अलावा थोड़ी ही बारिश में जगह जगह कीचड़ भी हो जाता है।
दिसंबर के महीने में कोतवाली देहात के ओवर ब्रिज निर्माण का काम शुरू कर दिया जाएगा। जिसकी लंबाई भी बढ़ी है। इस हाईवे का यह सबसे लंबा ओवर ब्रिज होगा। दस किमी तक डामर की सड़क बना दी गई है।...सत्येंद्र पांडेय, प्रोजेक्ट मैनेजर