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Bijnor News: रामपुर से जिला बदर हुए गुलदार को अमानगढ़ ने दी शरण

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रेहड़ के अमानगढ़ में छोड़ने के लिए रामपुर से लाया गया गुलदार। - फोटो : BIJNOR
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रामपुर से जिला बदर हुए गुलदार को अमानगढ़ ने दी शरण
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रेहड़ (बिजनौर)। रामपुर में आबादी में घूम रहे और उत्पात मचा रहे गुलदार को जिला बदर कर दिया गया। वन विभाग की टीम ने उसे पकड़ पिंजरे में बंद कर लिया। सोमवार को उसे रामपुर से लाकर अमानगढ़ में छोड़ा गया। अब यह गुलदार यहीं पर रहेगा और रामपुर से हमेश के लिए जिला बदर हो गया।
रेंजर स्वार जिला रामपुर मुजाहिद हुसैन ने बताया कि रविवार की सुबह एक गुलदार स्वार के गांव पैगंबरपुर शिवपुरी के आंगनबाड़ी केंद्र के पास आ गया। गुलदार को देख ग्रामीणों के होश उड़ गए। बचकर भाग रहे एक व्यक्ति पर गुलदार ने हमले का प्रयास भी किया। बाद में गुलदार आंगनबाड़ी केंद्र में जा छुपा। ग्राम प्रधान ने मामले की सूचना वन विभाग को दी। हालांकि इससे पहले पिछले कई दिनों से गुलदार के गांव के आसपास खेतों में देखा जा रहा था। मौके की नजाकत को देखते हुए वन विभाग ने जाल व पिंजरा लगा दिया। घंटो की मशक्कत के बाद आखिर गुलदार जाल में कैद हो गया।
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रेंजर के अनुसार नर गुलदार की आयु लगभग पांच वर्ष है। इसके बाद वन विभाग के अफसरों ने गुलदार को रामपुर से दूर भेजने पर मंथन किया और उसे अमानगढ़ के जंगल में छोड़े जाने की सहमति बनी। सोमवार को डीएफओ रामपुर राजीव कुमार, डॉ. दक्ष गंगवार पीलीभीत टाइगर रिजर्व व रेंजर स्वार आदि गुलदार को लेकर अमानगढ़ पहुंचे तथा कंपार्ट तीन बी में छोड़ दिया। इस मौके पर रेंजर अमानगढ़ राकेश कुमार शर्मा व सहयोगी वन कर्मी मौजूद रहे। एसडीओ ज्ञान सिंह ने बताया कि अब गुलदार को अमानगढ़ के जंगल में छोड़ दिया गया है। गुलदार पिंजरा खुलते ही जंगल की ओर भाग गया।
अब तक चार तेंदुए छोड़े जा चुके हैं अमानगढ़ टाइगर रिजर्व में
स्वार (रामपुर)। बीते एक साल की बात की जाए तो अब तक स्वार क्षेत्र में पकड़े गए चार तेंदुए बिजनौर के अमानगढ़ टाइगर रिजर्व में छोड़े जा चुके हैं जबकि एक तेंदुआ आर्सल-पार्सल के जंगल में मृत पाया गया था।
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उत्तराखंड का वन क्षेत्र स्वार से महज 13 किलो मीटर दूर है। जब भी वहां से वहां से भटकते हैं तो स्वार क्षेत्र के जंगल में घुस आते हैं। बीते एक साल में पांच बार तेंदुओं ने आतंक मचाया। वन विभाग उन्हें पकड़ने के लिए मेहनत करता रहा। इसके परिणाम स्वरुप तेंदुओं को पिंजरे में कैद करने में सफलता मिलती गई। चार माह पहले एक तेंदुआ बीमारी के चलते मृत पाया गया था। पीपली वन रेंजर मुजाहिद हुसैन ने बताया कि शिवपुरी पस्तौर में रविवार की शाम पकड़ा गया यह चौथा तेंदुआ है जिसे पकड़ने के बाद सोमवार के दिन टाइगर रिजर्व ले जाकर छोड़ा गया है।
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