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तालिब बंधु प्रकरण : दिगंबर ने भारतेंद्र सिंह पर किया जुबानी हमला

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बिजनौर। तालिब बंधु प्रकरण को लेकर सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग व्यक्तिगत हमले में भी तब्दील हो चुकी है। दिगंबर सिंह ने पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह को घेरते हुए कहा कि रियासतों के हाथ क्रांतिकारियों के खून से रंगे हुए हैं।
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शुक्रवार को सोशल मीडया पर दिगंबर सिंह का एक इंटरव्यू जारी हुआ। इसमें दिगंबर सिंह ने खालिद-तालिब प्रकरण को लेकर कहा कि अगर सत्ताधारी लोगों की बात को जिले प्रशासन नहीं सुन रहा है, पांच बार सीएम के पास पहुंचना पड़ रहा है तो फिर किस बात के सत्ताधारी हैं। पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह का नाम लिए बगैर कहा कि हिन्दूवादी चेहरा बनने की कोशिश करने वालों को बता देना चाहता हूं कि जाट समाज के सिरमौर महाराजा सूरजमल का कत्ल करने वाले नवाब नजीबुदौला को नजीबाबाद में किन लोगों ने शरण दी थी, उन्हीं के वंशज आज हिन्दू बनने की कोशिश कर रहे हैं। कहा कि अगर मुस्लिम समाज के कट्टर विरोधी हो तो साहनपुर में 90 फीसदी मुस्लिम लोग कैसे बस गए। उन्होंने यह भी कहा कि, राजा लोगों के हाथ देश की आजादी के लिए लड़ने वाले क्रांतिकारियों के खून से रंगे हुए थे। रियासतें अंग्रेजों का गुलाम होने की वजह से बची रहीं। रियासतों ने हमेशा अंग्रेजों को संरक्षण दिया।
बता दें कि भाजयुमो जिलाध्यक्ष रोबिन चौधरी पर हमले के बाद तालिब बंधुओं पर कार्रवाई में हीलाहवाली पर भारतेंद्र सिंह से सीएम योगी से करीब पांच बार मुलाकात की। हर एक मुलाकात के बाद पुलिस प्रशासन की कार्रवाई एक कदम आगे बढ़ती रही। अब हाल ही में सीएम योगी से मुलाकात के बाद जिला प्रशासन को तालिब बंधु के स्टोन क्रशर सील करते हुए सफाई देनी पड़ी। उधर सोशल मीडिया पर कमेंट कर रहे लोगों का कहना है कि पूर्व सांसद ने प्रशासन की शिकायत की थी मगर इनके पक्ष में दिगंबर कूद गए हैं, जिन्होंने पूर्व सांसद के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
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असत्य है वक्तव्य, बढ़ा लें इतिहास का बोध : भारतेंद्र
पूर्व सांसद भारतेंद्र सिंह ने बताया कि वक्तव्य असत्य है। बोध बढ़ाने के लिए इतिहास को पढ़ना चाहिए। 1857 की क्रांति को अंग्रेजों ने कदर कहा, जिसमें अंग्रेजों ने पंजाब, राजस्थान और पहाड़ी लोगों को साथ देने की वजह से बहादुर और यूपी-बिहार के लोगों ने कमजोर बताया था। इस क्रांति के बाद अंग्रेजों ने साहनपुर रियासत के गांव काटकर छोटा करते हुए उक्त गांव काशीपुर स्टेट के हवाले कर दिए थे। कहा कि दिगंबर सिंह को इतिहास पढ़ लेना चाहिए।

इनके पेट में क्यों हो रहा है दर्द
भारतेंद्र सिंह बोले कि तालिब बंधुओं पर कार्रवाई से इनके पेट में क्यों दर्द हो रहा है। हम अपने नेता(सीएम)से मिले हैं, कुछ भी बात करें। इन्हें कोई सवाल करना है तो विधायक और वर्तमान सांसद से करें। हमसे क्यों पूछ रहे हैं। कहा कि खालिद-तालिब माफिया हैं। जिन्होंने कब्रिस्तान में गरीब फकीर बिरादरी के हजीरों को तोड़कर कारोबार किया। फकीरों की शिकायत ऊपर तक पहुंची है। कहा कि भरतपुर का इतिहास मुझे ना समझाएं, भरतपुर के महाराज ब्रिजेंद्र सिंह की बुआ मेरी परनानी हैं। तुषार मलिक ने खालिद बंधु के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जोकि सीमांत किसान का बेटा है और जाट है। मगर किसान के बेटे के साथ इनकी कोई सहानुभूति नहीं है और तालिब बंधु से संबंध हैं।
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