नजीबाबाद। भाकियू भानु की पंचायत में बिजनौर प्रशासन द्वारा गन्ना मूल्य भुगतान मांग रहे निहत्थे किसानों पर लाठियां बरसाने को कायरतापूर्ण कार्रवाई बताते हुए निंदा की गई। बैठक में किसानों ने तत्काल गन्ना मूल्य भुगतान कराने सहित कई मांगें उठाईं।
भारतीय किसान यूनियन भानु गुट के जिलाध्यक्ष चौ. वीर सिंह के नेतृत्व में तहसील परिसर में किसानों ने मंगलवार को पंचायत की। जिला महासचिव पद्म सिंह के संचालन में हुई पंचायत में जिलाध्यक्ष चौ. वीर सिंह ने बिजनौर में किसानों पर बल प्रयोग को प्रशासन की कायरता बताया। उन्होंने कहा कि आर्थिक तंगी के दौर से गुजर रहे किसानों द्वारा गन्ना मूल्य भुगतान की मांग पर लाठियां बरसाकर बिजनौर प्रशासन ने समूचे किसानों के स्वाभिमान को ललकारा है।
पंचायत में किसानों ने चालू पेराई सत्र में गन्ना मूल्य 14 दिन के भीतर भुगतान कराने, फसलों की लागत का डेढ़ गुना दाम दिलाने, 60 साल से अधिक के किसानों को 5 हजार रुपये मासिक पेेेेंशन दिलाने, बिजली की बढ़ीं दरें वापस लेने, नांगल से चंदक नहर पटरी मार्ग बनवाने सहित कई मांगे उठाईं। भाकियू भानु ने 11 फरवरी 2019 को लखनऊ में आयोजित राष्ट्रीय महापंचायत को सफल बनाने के लिए जनसंपर्क तेज करने का किसानों से अनुरोध किया। किसानों ने 10 सूत्रीय ज्ञापन एसडीएम कार्यालय को सौंपा। किसान पंचायत में युवा जिलाध्यक्ष अर्पण चौधरी, गजराज, डोरीलाल, प्रीतम, कामेंद्र, अजयपाल, शीशपाल, अहसान, रामकुमार, नागेंद्र, नईम, अब्दुल रशीद, अलीम, सरफराज, अरविंद, विजेंद्र सिंह, मुबारिक हसन, अरुण आदि रहे।
‘भाजपा सरकार है किसान विरोधी’
हल्दौर। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन की बैठक में सोमवार को कलक्ट्रेट में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे किसानों पर लाठीचार्ज की निंदा की। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन की मासिक बैठक ब्लॉक कार्यालय परिसर में हुई। बैठक में कलक्ट्रेट में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे किसानों पर हुए लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा की गई। किसान नेता कैलाश लांबा ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार किसानों की हितैषी नहीं। बैठक में चीनी मिलों द्वारा किसानों के गन्ने का बकाया समस्त भुगतान न करने पर बिलाई चीनी मिल के मुख्य द्वार पर धरना-प्रदर्शन करने की रणनीति बनाई गई। बैठक में जिलाध्यक्ष विनोद कुमार, वेदप्रकाश चौधरी, राजपाल भगत, मुन्नू सिंह, हरगुलाल कश्यप, सुरेंद्र सिंह, महिपाल सिंह त्यागी, घनश्याम सिंह, शकील अहमद, शीशराम सिंह, ओमपाल सिंह, ग्राम प्रधान देशराज सिंह, ब्लॉक अध्यक्ष राकेश चौधरी, देवेंद्र सिंह, आदेश कुमार आदि रहे।
लाठीचार्ज का कांग्रेसियों ने किया विरोध
नजीबाबाद। हिंदू महासभा की ओर से अलीगढ़ में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का अपमान करने और गन्ना भुगतान की मांग कर रहे किसानों पर पुलिस के लाठीचार्ज का कांग्रेसियों ने विरोध किया। युवा कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ता तहसील परिसर में एकत्रित हुए और राष्ट्रपति, राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन एसडीएम डॉ. पंकज कुमार वर्मा को सौंपा। ज्ञापन में हिंदू महासभा के पदाधिकारियों द्वारा अलीगढ़ में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पुतले पर गोली मारकर, नाथूराम गोडसे जिंदाबाद के नारे लगाए जाने तथा बिजनौर में किसानों का गन्ना भुगतान को लेकर प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा लाठीजार्च करने की घटना पर विरोध जताया। ज्ञापन देने में शारिब अंसारी एड., अभिनव अग्रवाल एड., फराज हुसैन एड., वसीम अख्तर, सलीम कुरैशी, सिराजुद्दीन खां आदि मौजूद रहे।
‘अराजकता फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई’
बिजनौर में डीएम अटल कुमार राय ने कहा कि गन्ना किसानों का शोषण किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसानों की आड़ में जिले में अराजकता का माहौल पैदा करने तथा कानून एवं शांति व्यवस्था की स्थिति भंग करने के वालों को भी बख्शा नहीं जाएगा। डीएम ने कहा कि प्रशासन ने सदैव किसानों के हितों की सुरक्षा और उन्हें शासन की योजनाओं, कार्यक्रमों का अधिक से अधिक लाभ पहुंचाने के लिए प्रयास किया है। किसानों की समस्याएं खत्म करने को पूरी गंभीरता और तत्परता के साथ सार्थक क़दम उठाए हैं। गन्ना मूल्य का भुगतान समय पर करने के लिए चीनी मिलों के विरुद्ध सख्त कदम उठाया गया। जिला प्रशासन के सख्त निर्देशों और कड़े निर्णय के कारण ही बिलाई चीनी मिल ने पिछले साल का शत प्रतिशत गन्ना भुगतान किया। डीएम ने बताया कि वेव ग्रुप की चीनी मिलों की समस्या गंभीर होने के कारण उसे शासन स्तर पर रेफर की गई हैं। प्रदेश के मुख्य सचिव ने स्वयं अपनी अध्यक्षता में डिफाल्टर चीनी मिलों के स्वामियों व प्रबंधकों की बैठक बुलाई है। बैठक में जो भी निर्देश दिया जाएगा, उसके अनुसार जिला प्रशासन कार्रवाई करेगा। उन्होंने कहा कि जो चीनी मिल भी किसानों को उनके गन्ना मूल्य के भुगतान में शिथिलता या लापरवाही बरतेगा, उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने कहा कि किसानों की आड़ में जो भी व्यक्ति या संगठन कानून एवं शांति व्यवस्था के लिए कोई समस्या पैदा करेगा या अराजकता फैलाने का प्रयास करेगा, उनके विरुद्ध भी जिला प्रशासन द्वारा सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।