अत्याधुनिक वैन से होगी टीबी रोगियों की जांच
बिजनौर। कोरोना के साथ साथ टीबी की बीमारी पर रोक लगाने के लिए जिले के दुर्गम इलाकों में मरीजों को तलाश कर उनकी जांच की जाएगी। उन्हें त्वरित उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए अत्याधुनिक मशीनों से लैस वैन तैयार की गई है। यह वैन जनपद में चार दिन रहेगी और सुबह दस से शाम चार बजे तक जांच कर रोगियों को चिह्नित कर उनका डाटा टीबी अस्पताल को देगी।
केंद्र सरकार का वर्ष 2025 तक भारत को टीबी मुक्त का लक्ष्य है। इसी के तहत कोरोना जैसे महामारी के माहौल में केंद्र सरकार टीबी जैसी भयानक बीमारी को भी गंभीरता से ले रही है। सरकार द्वारा जनपद के दुर्गम इलाकों में टीबी रोगियों की खोजकर, उन्हें त्वरित जांच व इलाज की सुविधा देने के लिए मेडिकल मोबाइल वैन की व्यवस्था कराई जाएगी।
जिला क्षय रोग अधिकारी डा. बीएस रावत के अनुसार इस वैन के माध्यम से एक दिन में लगभग चालीस जांच की जाएंगी। इस दौरान टीबी पॉजिटिव आने वाले मरीजों का स्वास्थ्य विभाग द्वारा 24 घंटे के अंदर इलाज शुरू दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस वैन के माध्यम से शुरुआती दौर में जनपद के बढ़ापुर, जलीलपुर, रेहड़, अफजलगढ़ आदि के दुर्गम इलाकों में कार्य किया जाएगा। सुबह दस से शाम चार बजे तक मरीजों की खोज कर जांच की जाएगी। मेडिकल वैन में चालक, लैब टेक्नीशियन आदि कर्मचारी तैनात रहेंगे।