बिजनौर में सपा विधायक रुचि वीरा व उनके पति जिला पंचायत अध्यक्ष उदयन वीरा ने कहा कि मंत्री मूलचंद चौहान व सपा जिलाध्यक्ष अनिल यादव की वजह से चुनाव में सपा की किरकिरी हो रही है। इन दोनों नेता ही हाई कमान को गुमराह करके नीलम पारस को टिकट दिलाया था। उन्होंने हाईकमान से दोनों नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। शुक्रवार को कैंप कार्यालय पर पति-पत्नी ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि दोनों नेताओं ने गलत सूचना व दबाव देकर पार्टी हाईकमान से नीलम पारस को टिकट दिलवाया था। इससे सपा को जिले में भारी नुकसान हुआ। नीलम पारस के पति मनोज पारस की पहले से ही छवि खराब है। जिला पंचायत सदस्यों के साथ आम जनता में विधायक को लेकर पहले से ही रोष था। मनोज पारस की वजह से पार्टी को पहले की काफी नुकसान हुआ है।
उन्होंने नुकसान के जिम्मेदार नेताओं को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाकर साफ सुथरी छवि के नेताओं को पार्टी का नेतृत्व सौंपने की मांग की। उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी को जो नुकसान हुआ है, उसकी क्षतिपूर्ति को दूर किया जा सकता है। विधायक रुचिवीरा ने कहा कि उनकी व उनके पति की सपा में पूरी आस्था है। पर पार्टी को जिले में मजबूत करने के लिए पूरी ताकत के साथ सभी जाति, धर्म के लोगों को साथ लेकर काम करेंगी। 2017 में पार्टी की सरकार फिर से बनानी हैं। उन्होंने कहा कि जिला पंचायत के चुनाव में उनके निवास पर पुलिस ने दबिश दी। उनका व समर्थकों का मानसिक व सामाजिक उत्पीड़न किया गया।
सभी धर्म के लोगों ने मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारों व गिरिजाघर से उदयनवीरा की जीत के लिए कामना की। उन्होंने कहा कि जिले के विकास के लिए ईमानदारी से काम किया जाएगा। उन्होंने चुनाव में सहयोग देने वाले सभी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि हाईकमान से अभी उनकी कोई बात नहीं हुई है। जल्दी ही हाईकमान के पास जाकर जिले के हालात बताए जाएंगे। प्रेस वार्ता में पूर्व सांसद यशवीर सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष जमील अहमद अंसारी व खुशनूद खां मौजूद रहे।