बिजनौर में नया गांव में हुए दोहरे हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर मृतकों के परिजनों ने ग्रामीणों के साथ एसपी आवास के जमकर हंगामा किया। पुलिस पर आरोपियों से मिलीभगत करने का आरोप लगाया। एसपी ने मामले में कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया है। इस दौरान जजी चौक से लेकर एसपी आवास तक छावनी में तब्दील रहा।
शहर कोतवाली क्षेत्र के नया गांव में आठ मार्च को सत्यवीर पक्ष के लोगों ने हमला करके राजवीर, बजजीत व भारत सिंह को गंभीर रूप से हमलाकर दिया था। राजवीर की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई थी। शनिवार की रात भारत सिंह ने भी दिल्ली में दम तोड़ दिया। भारत सिंह के शव को लेकर परिजन व ग्रामीण बिजनौर पहुंचे तो पुलिस ने प्रदर्शनी चौक पर उन्हें रोक लिया। इसके बाद कुछ परिजन और ग्रामीण एसपी आवास पहुंचे और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर जमकर हंगामा किया। आरोप लगाया कि पुलिस हत्यारोपियों को गिरफ्तार करने में हिलाहवाली कर रही है। आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। राजवीर की हत्या के बाद से पुलिस ने एक दिन भी आरोपियों के घरों पर दबिश नहीं दी। ग्रामीणों ने पुलिस पर आरोपियों से पैसा लेने का भी आरोप लगाया। ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस ने दो आरोपियों को भी तब दबोचा जब वह उनके खिलाफ ही रिपोर्ट दर्ज कराने थाने पहुंचे। एसपी ने चार ग्रामीणों को वार्ता के लिए आवास पर बुलाया और कार्रवाई का आश्वासन दिया। एसपी से वार्ता के बाद ग्रामीण भारत सिंह का शव लेकर गांव के लिए चले गए।
घायल की उपचार के दौरान मौत
बिजनौर में नया गांव में आठ दिन पूर्व चकरोड को लेकर दो पक्षों में हुए खूनी संघर्ष में घायल एक और व्यक्ति ने दिल्ली में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया है। घटना के दिन एक व्यक्ति को धारदार हथियार से हमला करके मार डाला था। इस विवाद में कई लोग घायल हुए थे। पुलिस ने दूसरे पक्ष की ओर से भी जानलेवा हमला की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
शहर कोतवाली क्षेत्र के गांव राधोरामपुर उर्फ नया गांव में चकरोड की जमीन को लेकर बलजीत व सत्यवीर में विवाद चल रहा था। इस विवाद के चलते सत्यवीर पक्ष के सत्यवीर, प्रशांत, दयाराम सिंह, संजीव, अन्नु उर्फ आरुनी व योगेंद्र उर्फ बबलू ने आठ मार्च की रात बलजीत के घर पर धावा बोलकर बलजीत व परिजनों पर धारदार हथियारों से हमला किया। बलजीत, राजवीर व 50 साल के भारत सिंह की घेराबंदी करके उन्हें घायल कर दिया था। तीनों घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। वहां राजवीर त्यागी को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। बाकी दोनों घायलों को मेरठ रेफर कर दिया था। भारत सिंह की आंख में बरछी घोंप दी गई थी।
वह पिछले कई दिनों से मेरठ के एक अस्पताल में आईसीयू में थे। शनिवार को परिजन हालत में सुधार नहीं होने पर उन्हें दिल्ली के अस्पताल ले गए। रात में उन्होंने वहां दम तोड़ दिया। इस घटना की सत्यवीर समेत सभी आरोपियों के खिलाफ घटना के बाद ही रिपोर्ट दर्ज कराई थी। दूसरे पक्ष ने भारत सिंह समेत छह लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इस बात से बलजीत पक्ष के लोग नाराज थे। उन्होंने एसपी संजीव त्यागी से मिलकर जानलेवा हमले की रिपोर्ट को गलत बताया था। बलजीत पक्ष के लोगों ने पुलिस अफसरों को इस बारे में शपथ पत्र भी दिए थे। पुलिस ने राजवीर की हत्या के मामले में दो आरोपी को दबोच लिया है। शहर कोतवाल रामसेवक के मुताबिक आरोपी की तलाश में पुलिस की टीम लगी है। फरार आरोपियों के खिलाफ कुर्की की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।