बिजनौर। जिले में धान की खरीदारी को लेकर तमाम दुश्वारियां आ रही हैं। धन के अभाव में कर्मचारी कल्याण निगम के छह खरीद केंद्र बंद कर दिए गए हैं जबकि यूपी स्टेट एग्रो का भी एक केंद्र बंद हुआ है। सात खरीद केंद्र बंद होने से धान की खरीदारी पर संकट खड़ा हो गया है। दो खरीद केंद्रों पर बोरे नहीं होने से धान की खरीदारी नहीं हो पाई।
जिले में सरकारी केंद्रों पर व्यवस्थित तरीके से धान की खरीदारी नहीं हो पा रही है। कर्मचारी कल्याण निगम पैसा नहीं होने से धान की खरीदारी नहीं कर पा रहा था। मुख्यमंत्री ने कल्याण निगम के केंद्रों को खरीदारी से बाहर करने को कहा तो जिले के छह खरीद केंद्र बंद कर दिए गए। यूपी स्टेट एग्रो के पूरे प्रदेश में 50 खरीद केंद्र खोले गए। बिजनौर में दो खरीद केंद्र खुले, अल्लेहपुर में एक खरीद केंद्र ज्यादा खुल गया। उसे भी बंद कर दिया गया। कल्याण निगम के अधिकारी खरीद केंद्र बंद होने पर धन का इंतजाम करने में जुटे है। सात खरीद केंद्र बंद होने पर जिले में केवल 30 खरीद केंद्र ही रह गए हैं।
मंगलवार को कादराबाद व तुरतपुर खरीद केंद्र पर बोरे नहीं होने से खरीद बंद हो गई। जिले में एक अक्तूबर से शुरू हुई धान खरीद के लिए 36 हजार मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य रखा गया था। अभी तक 1446 मीट्रिक टन धान की खरीदारी ही हो पाई है। जिला खाद्य एवं विपरण अधिकारी धनश्याम वर्मा के मुताबिक जिले के सात खरीद केंद्र बंद कर दिए गए हैं। दो खरीद केंद्रों पर बोरों का टोटा है।