एड्स के प्रति जागरुकता ही बचाव : निदा
नजीबाबाद। एड्स नियंत्रण सोसाइटी की मंडल समन्वयक निदा ने कहा कि एड्स एक ऐसी बीमारी है, जिसका अभी तक इलाज नहीं मिल पाया है। एड्स के प्रति जागरुकता ही इसका बचाव है।
उप्र राज्य एड्स नियंत्रक सोसाइटी की ओर से साहू जैन कालेज में आयोजित जागरुकता गोष्ठी में मुख्य वक्ता मंडल समन्वयक निदा ने छात्र-छात्राओं को एड्स के प्रति जागरुक किया। उन्होंने कहा कि एचआईवी संक्रमित व्यक्ति से यौन संबंध स्थापित करने से, एचआईवी संक्रमित रक्त या रक्त उत्पाद चढ़ाने से, संक्रमित सुइयों आदि के साझा प्रयोग से और संक्रमित मां से उसके होने वाले बच्चे को एचआईवी रोग फैलता है। सावधानी और बचाव ही इसके बेहतर उपाय है। यह बीमारी हाथ मिलाने, गले लगने या एक दूसरे के साथ रहने से नहीं फैलती।
महिला चिकित्सालय नजीबाबाद के एड्स काउंसलर राजेश सिंह ने बताया कि सरकार द्वारा एचआईवी की जांच एवं इलाज सरकार द्वारा बिल्कुल मुफ्त किया जाता है। कालेज में एड्स जागरुकता विषय पर आयोजित भाषण प्रतियोगिता में हुमैरा ने प्रथम, अंकिता ने द्वितीय और इरम व खुशबू ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेताओं और प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्राचार्य डॉ. एके मित्तल, डॉ. शुभा माहेश्वरी, डॉ. एनपी सिंह, डॉ. ओमवीर सिंह आदि मौजूद रहे।