बिजनौर। वर्धमान कॉलेज में प्रोफेसर रहे प्रमोद कुमार त्यागी (75) ने शुक्रवार को बिजनौर गंगा बैराज से कूदकर आत्महत्या कर ली। बैराज के पास ही निर्माणाधीन पुल पर गंगा में शव को गोताखोरों ने खोज निकाला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोर्ट केस के चलते रिटायर्ड प्रोफेसर के तनाव में होने की बात सामने आ रही है।
बिजनौर शहर की गीता नगरी कॉलोनी में रहने वाले रिटायर्ड प्रोफेसर प्रमोद कुमार त्यागी पुत्र जसवंत त्यागी ने शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे बिजनौर बैराज पर पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शी उमेश ने बताया कि बैराज पुल के पास कुछ पुलिसकर्मी चाय पी रहे थे। तभी सूचना मिली कि बैराज के गेट नंबर 28 से किसी ने गंगा में छलांग लगा दी है। तुरंत ही पुलिसकर्मी गेट नंबर 28 पर पहुंचे। आनन-फानन पुलिस ने गोताखोरों को बुलाकर गंगा में कूदे व्यक्ति की तलाश शुरू की। तलाश करते हुए गोताखोर निर्माणाधीन पुल तक पहुंच गए। जहां पर गंगा में कूदे व्यक्ति का शव पिलर के पास उतराता हुआ मिला। शव की पहचान प्रमोद कुमार त्यागी के रूप में हुई। जानकारी करने पर मालूम हुआ कि प्रमोद त्यागी वर्धमान कॉलेज के जूलॉजी एचओडी पद से रिटायर हो चुके थे। उनके दो बेटी और एक बेटा है। दोनों बेटियों की शादी हो चुकी है, जबकि बेटा बाहर नौकरी करता है। अब घर पर अपनी पत्नी के साथ प्रमोद त्यागी रहा करते थे।
बताया जा रहा है कि प्रमोद त्यागी के खिलाफ कोई वाद अदालत में चल रहा था, जिसकी सुनवाई पूरी हो चुकी थी, अब निर्णय आना बाकी था। केस को लेकर ही प्रमोद त्यागी तनाव में चल रहे थे। सीओ सिटी अभय कुमार पांडेय ने बताया कि रिटायर्ड प्रोफेसर की आत्महत्या की वजह सामने नहीं आ सकी है।