मालिक और मैनेजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
बिजनौर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नगीना मार्ग सिथत देव रबर फैक्टरी में हुए हादसे का संज्ञान लेने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया। डीएम उमेश मिश्रा ने इस घटना की जांच एडीएम वित्त एवं राजस्व अवधेश मिश्र व एसपी सिटी प्रवीण रंजन को सौंपी है। दोनों अधिकारियों ने टीम के साथ पूरी फैक्टरी को खंगाला। फैक्टरी के मैनेजर व गार्ड को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। फैक्टरी स्वामी व मैनेजर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। फैक्टरी में हुए हादसे में झुलसे एक श्रमिक की मौत हो गई है। जबकि दो गंभीर रूप से झुलस गए थे।
शुक्रवार को नगीना मार्ग स्थित देव रबर फैक्टरी में शहर कोतवाली के गांव रावणपुर निवासी प्रभाषचंद्र शर्मा, शिवालाकलां थाने के गांव धारूपुर निवासी धीर सिंह, किरतपुर थाने के गांव गंगावाला निवासी सुरेश काम कर रहे थे। बॉयलर के पाइप को ठीक करते समय उसका ढक्कन निकल गया। उसके अंदर का गरम पानी व भाप उनके ऊपर आ गिरी। जिसमें तीनों गंभीर रूप से झुलस गए। प्रभाषचंद्र को दिल्ली के सफदरगंज अस्पताल में भर्ती कराया गया। शनिवार को उसकी मौत हो गई। दोनों झुलसे श्रमिकों को बिजनौर के बीना प्रकाश अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
रविवार को इन दोनों को भी दिल्ली रेफर कर दिया गया। प्रभाष के शव का परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। इसकी जानकारी फैक्टरी स्वामी की ओर से किसी को नहीं दी गई और समझौता कर लिया गया। किसी ने इस हादसे की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर कर दी। मुख्यमंत्री ने इस घटना का संज्ञान लिया और प्रशासन को श्रमिकों के उचित उपचार कराने के निर्देश दिए। साथ ही मामले की जांच कराने को भी कहा। इसके बाद प्रशासन हरकत में आ गया।
रविवार को डीएम उमेश मिश्रा ने इस मामले की जांच एडीएम वित्त एवं राजस्व अवधेश मिश्र व एसपी सिटी डॉ. प्रवीण रंजन मिश्र को सौंपी। एडीएम व एसपी सिटी के अलावा ज्वॉइंट मजिस्ट्रेट विक्रमादित्य सिंह मलिक, सीओ सिटी कुलदीप गुप्ता, मुख्य अग्निशमन अधिकारी अजय शर्मा समेत तमाम अधिकारी देव रबर फैक्टरी पहुंचे और तीन घंटे तक पूरी फैक्टरी को खंगाला। फैक्टरी में दो कर्मचारी मिले, उन्हें पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया गया। प्रभाष के पिता सोमप्रकाश ने फैक्टरी स्वामी व मैनेजर के खिलाफ गैर इरादतन हत्या व जान से मारने की धमकी देने के मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
होगी कड़ी कार्रवाई : डीएम
डीएम उमेश मिश्रा और एसपी डॉ. धर्मवीर सिंह के मुताबिक फैक्टरी में हादसे की जांच कराई जा रही है। घटना की रिपोर्ट दर्ज करा दी गई है। इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
करा रहे उपचार: मैनेजर
देव रबर फैक्टरी के मैनेजर के समानंदा के अनुसार 18 जून को सुबह करीब पांच बजे ऑटोक्लेव खोलते हुए कर्मचारियों की असावधानी से उसका गरम पानी उनके ऊपर आ गिरा। तीन मजदूर झुलस गए। फैक्टरी स्वामी ने गंभीर झुलसे प्रभाष को दिल्ली में उपचार के लिए भर्ती करा दिया। शनिवार को उसकी मौत हो गई। परिजनों को मुआवजे की रकम दे दी गई। अन्य दो झुलसे मरीजों को भी फैक्टरी स्वामी की ओर से दिल्ली भेजा गया है।
पीड़ितों की आर्थिक मदद की गई : कुलदीप जैन
बिजनौर। नगीना रोड स्थित जिस रबर फैक्टरी में हादसा हुआ, उसके मालिक कुलदीप जैन का कहना है कि हादसा तीन दिन पहले हुआ था और सुबह के करीब पांच बज रहे थे। इसमें कर्मचारियों की लापरवाही थी। उन्होंने स्टीम आदि को चेक नहीं किया। जब हमें हादसा होने का पता चला तो हमने घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। दुर्भाग्य से एक की मृत्यु हो गई। हमने मृतक के परिजनों को करीब 11 लाख रुपये की आर्थिक मदद की है। साथ ही उनके परिवार से किसी एक सदस्य को फैक्टरी में नौकरी का वादा भी किया। अब इस तरह से जो मुकदमा लिखा गया है, उसमें अज्ञात मालिक और अज्ञात मैनेजर का नाम भी लिखा गया। यह दुर्भाग्यपूर्ण हैं। मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी समस्या उनके सामने रखेंगे।
बिजनौर-नगीना मार्ग पर देव रबर फैक्टरी में हुए हादसे में झुलसे मजदूर।- फोटो : BIJNOR
बिजनौर-नगीना मार्ग पर देव रबर फैक्टरी में हादसे के बाद जांच करती अधिकारियों की टीम।- फोटो : BIJNOR