नजीबाबाद में महाशिवरात्रि पर भगवान भोलेनाथ के जयकारों और भारत माता की जय के नारों के साथ कांवड़िए आस्था और देशभक्ति के जोश में गंतव्य की ओर बढ़ रहे हैं। हरिद्वार से कांवड़ में गंगाजल लाकर शिवभक्तों ने पहले पड़ाव स्वयंभू मोटा महादेव सिद्धपीठ मंदिर पर भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया।
महाशिवरात्रि पर्व पर शिवभक्त कांवड़ियों का रंग-बिरंगी आकर्षक कांवड़ के साथ नगर से गुजरना नगरवासियों के लिए आकर्षण का केंद्र रहा। भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग की आकर्षण पालकी नुमा कांवड़ के साथ नगर पहुंचने पर शिवभक्तों का श्रद्धालुओं ने स्वागत किया। चंदौसी, रामपुर, मुरादाबाद, काशीपुर, रुद्रपुर, बरेली, पीलीभीत, रामनगर, हल्द्वानी के बड़ी संख्या में कांवड़ियों के जत्थों ने हरिद्वार से कांवड़ में गंगाजल लाकर पहले पड़ाव मंडावली क्षेत्र स्थित स्वयंभू मोटा महादेव सिद्धपीठ मंदिर में पंक्तिबद्ध होकर भगवान आशुतोष का पहला जलाभिषेक किया। शिवभक्त कांवड़िए मोनू, मोहन सिंह, सतेंद्र कुमार, बिहारी सिंह, धूम सिंह, सोहन, अरविंद कुमार, महेश, मनोज कुमार, रामस्वरूप, बिजेंद्र आदि का कहना है कि इस बार कांवड़ का विशेष महत्व है। जम्मू कश्मीर के पुलवामा में आतंकी हमले में शहीद हुए भारतीय सैनिकों के प्रति उनकी गहरी संवेदना है। आतंकी के आत्मघाती हमले से पूरे देश में आक्रोश है।
डग्गामार वाहनों पर लगाई रोक
भागूवाला/मंडावली। शिवभक्तों के वाहन और बड़ी संख्या में हरिद्वार से कांवड़ में गंगाजल लेकर भागूवाला और मंडावली क्षेत्र में कई स्थानों पर जाम की स्थिति बनी रही। प्रशासन द्वारा नजीबाबाद से मंडावली, नांगल, भागूवाला क्षेत्र को चलने वाले डग्गामार वाहन (मैजिक, मैक्स, मिनी बस) का संचालन बंद करने से स्कूली बच्चों, सवारियों को परेशानी झेलनी पड़ी। शिवभक्तों की सेवार्थ जटपुरा बौंडा, मोहनपुर मंदिर, नियामतपुर सेंटर, भारत ईंट उधोग, मोटा महादेव मंदिर पर श्रद्धालुओं ने कांवड़ शिविरों का आयोजन किया।
डाक कांवड़ ने बढ़ाया आकर्षण
नजीबाबाद। महाशिवरात्रि पर्व पर भगवान आदिनाथ का जलाभिषेक के लिए आकर्षक कांवड़ के साथ डाक कांवड़ श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र रही। डाक कांवड़ के जत्थे पैदल दौड़ के साथ नगर में विसिल बजाकर जिधर से गुजरे राहगीरों ने उनके लिए रास्ता छोड़ दिया।
निशुल्क कांवड़ शिविर आयोजित
नांगलसोती। नांगल-चंदक मार्ग पर सरस्वती शिशु मंदिर खानपुर और चंदोक में श्रद्धालु ग्रामीणों रामपाल सिंह भाटी, ठाकुर सिंह, मुन्नू, ओमवीर, दिनेश, अंशुल, बृजवीर सिंह, टिंकू शर्मा, सूरजभान, अनिल चौधरी, सुशील भूपेंद्र, पीतम के निर्देशन में निशुल्क कांवड़ शिविर लगाकर कांवड़ियों की सेवा की।