संवाद न्यूज एजेंसी
गजरौला शिव। गजरौला शिव में पांच साल की बेटी भव्य को फांसी लगाकर खुद भी फंदे पर झूलकर आत्महत्या करने वाली नौ माह की गर्भवती निधि के मामले में मायके और ससुराल पक्ष ने कानूनी कार्रवाई से इनकार कर दिया। शनिवार रात दोनों के शव पोस्टमार्टम के बाद गांव लाए गए। रविवार की सुबह गमगीन माहाैल में अंतिम संस्कार किया गया। जेठ अनुराग राजपूत ने दोनों चिताओं को मुखाग्नि दी।
शनिवार की सुबह गजरौला शिव निवासी अश्वनी की पत्नी निधि राजपूत ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। इससे पहले उसने अपनी बेटी भव्या को भी फांसी लगाकर मार डाला था। घटना के समय अश्वनी अपनी मां शशि के साथ मंडावर बैंक से नकदी निकालने गया था।
घर लौटने पर मां-बेटी के शव को फांसी के फंदे पर लटके मिले थे। रात में मां-बेटी के शवों का रात पोस्टमार्टम किया गया। रात में शव गांव पहुंचे तो परिवार में कोहराम मच गया। रविवार की सुबह मां-बेटी के शवों का गंगा बैराज पर अंतिम संस्कार किया गया।